एटा। बरसात के कारण सर्पदंश की घटनाएं लगातार हो रहीं हैं। रविवार को थाना निधौली कलां क्षेत्र के गांव धौलेश्वर में खेत पर काम कर रहे किसान को सांप ने डस लिया। परिजन झाड़-फूंक कराते रहे हालत बिगड़ी तो मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी पहुंचे। चिकित्सक ने हालत नाजुक देखते हुए आगरा रेफर कर दिया। ले जाते सम रास्ते में ही किसान की मौत हो गई।
गांव धैालेश्वर निवासी हुंडीलाल (55) रविवार को सुबह खेत पर काम कर रहे थे। उसी समय सर्प ने डस लिया। जानकारी पर परिजन आसपास के क्षेत्र में उन्हें ले जाकर झाड़-फूंक कराते रहे। जब हालत ज्यादा बिगड़ने लगी तो मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी में लाए। यहां चिकित्सक ने हुंडीलाल की हालत को नाजुक देखते हुए प्राथमिक उपचार के बाद आगरा रेफर कर दिया। टूंडला तक पहुंचते ही हुंडीलाल की सांसें थम गईं। पुलिस ने मृतक के शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम कराया है।
एक माह में 245 लोगों को डस चुके हैं सांप
सर्पदंश की घटनाओं की बात करें तो 20 जून से 20 जुलाई तक 245 लोगों को सांपों ने डसा है। इमरजेंसी प्रभारी डॉ. मानवेंद्र सिंह ने बताया कि वर्षा होने पर बिलों में पानी भर जाता है जिसके चलते सर्प बाहर निकलते हैं। किसी तरह का खतरा महसूस होने पर वह आसपास के व्यक्ति को डस लेते हैं। सर्प के डसने पर मरीज को जल्द से जल्द नजदीकी अस्पताल में पहुंचाएं। किसी भी प्रकार की झाड़-फूंक के चक्कर में न पड़ें। जहां सांप ने डसा है उस स्थान को अच्छे तरीके से साफ कर लें, किसी प्रकार का चीरा न लगाएं। सर्पदंश वाले स्थान के आसपास कसकर भी न बांधें। मेडिकल कॉलेज में पर्याप्त मात्रा में एंटी स्नेक वेनम उपलब्ध हैं।