पत्नी का ऑपरेशन कराने के लिए मांगी गई हजार रुपये की रिश्वत की रकम जुटाने के लिए एक युवक को ‘भीख’ मांगने के लिए मजबूर होना पड़ा।
मामले ने जब तूल पकड़ा तो डाक्टर ने रिश्वत की रकम वापस कर मामले को रफा-दफा करने की कोशिश की।
अमरोहा निवासी रफीक पेशे से मजदूर है। उसकी पत्नी मुमताज को पित्त की पथरी थी। मंगलवार को रफीक अपनी पत्नी को लेकर जिला अस्पताल लाया। यहां डाक्टर ने रफीक से ऑपरेशन के बदले एक हजार रुपये मांगे।
रफीक ने असमर्थता जताई तो डाक्टर ने आपरेशन से ही इंकार कर दिया। रफीक ने डाक्टर को पैसे देकर मुमताज का आपरेशन कराया। इसके बाद स्टाफ को भी सुविधा शुल्क देना पड़ा।
पांच बच्चों के साथ दो दिन तक अस्पताल में रहने के बाद रफीक के पास सारे पैसे खत्म हो गए। परेशान रफीक ने शुक्रवार को दुकानदारों से मदद मांगनी शुरू कर दी।
जब उसने दुकानदारों को अपना दुखड़ा सुनाया तो मामले ने तूल पकड़ा। मामला अस्पताल तक पहुंच गया तो डाक्टर ने सर्जिकल वार्ड में पहुंचकर मुमताज को रिश्वत में लिए एक हजार रुपये वापस कर दिए और मुंह न खोलने को कहा।
सीएमएस डा. शैली मेहरोत्रा का कहना है कि कोई लिखित शिकायत देता है तो जांच होगी।