देवरिया। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद की परीक्षा बुधवार को अव्यवस्था के बीच शुरू हुई। पहले दिन कक्ष निरीक्षकों की कमी से केंद्र व्यवस्थापक जूझते रहे। इसके चलते कई केंद्रों पर एक-एक कक्ष निरीक्षक से काम चलना पड़ा।
हालांकि कंट्रोल रूम में तैनात अधिकारी लगातार कक्ष निरीक्षक उपलब्ध कराने का प्रयास करते रहे। पहले दिन हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की हिंदी विषय की परीक्षा हुई। इसमें पंजीकृत 116888 में से 107525 परीक्षार्थी उपस्थित रहे, वहीं 9363 परीक्षार्थियों ने परीक्षा छोड़ दी।
सुबह की पाली में हाईस्कूल हिंदी की परीक्षा हुई। इसमें हाईस्कूल हिंदी विषय की परीक्षा में कुल 57780 परीक्षार्थी पंजीकृत थे। इसमें से 4808 ने परीक्षा छोड़ दी। 52972 परीक्षार्थी उपस्थित रहे। शाम को इंटरमीडिएट हिंदी व सामान्य हिंदी की परीक्षा हुई।
इसमें पंजीकृत 59108 में से 4555 ने परीक्षा छोड़ दी। 54553 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी। परीक्षा तय समय पर सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में शुरू हुई, लेकिन जिले के अधिकांश परीक्षा केंद्रों पर कक्ष निरीक्षकों की कमी रही। इसको लेकर कंट्रोल रूम के फोन परीक्षा के समय घनघनाते रहे। कंट्रोल रूम में तैनात अधिकारी केंद्र व्यवस्थापकों से लेकर खंड शिक्षा अधिकारियों के बीच समन्वय बनाते हुए कक्ष निरीक्षक उपलब्ध कराने का प्रयास करते रहे, लेकिन पहली पाली में व्यवस्था नहीं हो सकी। कक्ष निरीक्षकों की कमी के बीच उत्पन्न अव्यवस्था के साथ परीक्षा शुरू हुई।
सदर ब्लाॅक के बाबा सिद्धनाथ कन्या इंटर कॉलेज में छह कक्ष निरीक्षक नहीं पहुंचे। इसमें तीन माध्यमिक विद्यालय और तीन परिषदीय विद्यालयों के शिक्षक थे। अनंत आदर्श इंटर कॉलेज गनियारी में भी आधा दर्जन परिषदीय शिक्षक कक्ष निरीक्षक ड्यूटी पर नहीं पहुंचे।
श्री नर्वदेश्वर इंटर कॉलेज बीजापुर झंगटौर में भी कक्ष निरीक्षकों की भारी कमी रही। यहां पर नौ शिक्षक कक्ष निरीक्षक ड्यूटी पर नहीं पहुंचे। इसी तरह आयशा रसीद कन्या इंटर कॉलेज लार, सतासी इंका रुद्रपुर, जनता इंका पिपरा कछार समेत अनेक परीक्षा केंद्रों पर कक्ष निरीक्षक अपनी ड्यूटी पर नहीं पहुंचे।
इंटर हिंदी परीक्षा में पैकेट में कम पेपर की शिकायत पर मचा हड़कंप : यूपी बोर्ड परीक्षा के पहले दिन शाम की पाली में इंटरमीडिएट हिंदी की परीक्षा हुई। परीक्षा शुरू होने से ठीक पहले कई केंद्र व्यवस्थापकों ने प्रश्न पत्र के पैकेट में कम प्रश्न पत्र मिलने की शिकायत की।
हालांकि कंट्रोल रूम से अधिकारियों ने मार्गदर्शन दिया। इसके बाद केंद्र व्यवस्थापकों ने पैकेट की ठीक से जांच की। तब पैकेट के अंदर दो अन्य पैकेट मिले। बताया जा रहा है कि प्रश्न पत्र के पैकेट पर ऊपर 100 प्रश्न पत्र लिखा था, लेकिन खोलने पर अंदर 50 प्रश्नपत्र ही मिले। अधिकारियों के मार्गदर्शन के बाद अंदर 25-25 प्रश्न पत्र के दो अन्य लिफाफे मिले। इसके बाद केंद्र व्यवस्थापकों ने वापस कंट्रोल रूम को सबकुछ ठीक मिलने की सूचना दी।
हाईस्कूल हिंदी की परीक्षा में ओएमआर को लेकर हुई दिक्कत : हाईस्कूल हिंदी की परीक्षा में झरनाकुटी माध्यमिक विद्यालय में एक परीक्षार्थी को ओएमआर शीट उसके अनुक्रमांक की नहीं मिली। परीक्षार्थी किसी अन्य विद्यालय से शिफ्ट होकर आया था। इसके बाद कंट्रोल रूम से निर्देश पर परीक्षार्थी को केंद्र व्यवस्थापक द्वारा दूसरी ओएमआर शीट उपलब्ध कराई गई।
प्रांतीय कंट्रोल रूम से नहीं जुड़ सका जिले का कंट्रोल रूम : जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय में स्थित परीक्षा कंट्रोल रूम पहले दिन की परीक्षा में प्रांतीय कंट्रोल रूम से सुबह की पाली में नहीं जुड़ सका।
हालांकि मंगलवार को ट्रायल में यह सही तरीके से जुड़ा था। जिलास्तरीय कंट्रोल रूम में परीक्षा केंद्रों के सीसीटीवी कैमरे कार्यरत मिले।