बरहज में नाव से आवाजाही करते राप्ती नदी से घिरे भदिला गांव के लोग
बरहज। बरहज में सरयू नदी का जलस्तर बढ़ने लगा है। नदी खतरे के निशान 66.50 से 65 सेमी नीचे 65.85 मीटर पर बहने लगी है।
नदी का पानी सीता घाट की पक्की सीढि़यों तक पहुंच गई है। 24 घंटे में राप्ती के जलस्तर में भी 25 सेमी की बढ़त दर्ज की गई है। नदियों के जलस्तर में हो रही उठापटक से तटवर्ती गांवाें के लोगों की दुश्वारियां बढ़ गई हैं।
करीब एक माह से सरयू के जलस्तर में उतार-चढ़ाव हो रहा है। इससे नदी ने उग्र रूप धारण कर लिया है। सरयू के जलस्तर में बढ़त होने से राप्ती भी उफान पर है।
नदी नवीन और पुराने बंधों पर दबाव बनाने के साथ ही गांवों का रुख कर रही है। सरयू पार नदी का पानी मऊ जनपद के बिनटोलिया गांव तक पहुंच गया है। इससे परसियां-विशुनपुर देवार के मजरों में रहने वालों की चिंता बढ़ गई है। दियारा के छोटेलाल, ओमप्रकाश यादव, शंकर यादव, संजय यादव, रमाशंकर, शिवमंगल, मोदी आदि का कहना है कि जलस्तर में निरंतर वृद्धि हो रही है। नदी इसी तरह बढ़त बनाती रही तो भरटोला, दरसरिया के लोग नदी के जद में आएंगे।
ग्रामीणों का कहना है कि प्रशासन की ओर से कोई इंतजाम नहीं किया गया है। चौथी बार नदी निरंतर बढ़त बना रही है, और खतरे के निशान के निकट पहुंच गई है।