देवरिया। आदिशक्ति पीठ मां देवरही मंदिर प्रांगण को भव्य और दिव्य बनाने के लिए लोकसभा सांसद शशांक मणि ने बड़ी पहल की है। बृहस्पतिवार को सदर सांसद शशांक मणि ने संसद में बोलते हुए देवरिया जिले की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान, सिद्ध पीठ मां देवरही मंदिर के प्रांगण को भव्य एवं विकसित किए जाने की आवश्यकता पर सदन का ध्यान आकृष्ट कराया। सांसद ने कहा कि देवरही माता का मंदिर न केवल देवरिया जिले की सांस्कृतिक आत्मा है, बल्कि यहां पर्यटन को भी गति देगा। अमृत प्रयास के अंतर्गत इस पुराने मंदिर का निरीक्षण कर मन्दिर परिसर का समग्र विकास किया जाए। इस मंदिर परिसर का प्राचीन मंदिरों की तरह चौमुखी विकास हो, जैसा कि इसमें धार्मिक आस्था के साथ-साथ शैक्षणिक, सांस्कृतिक और सामाजिक सुविधाओं का भी समावेश हो, अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए शशांक मणि ने कहा कि मन्दिर का कुल क्षेत्रफल 6 एकड़ है जिसमें से 3 एकड़ की भूमि भव्य बनाने के लिए पर्याप्त होगी। इसके लिए हमने अमृत प्रयास के तहत एक आवेदन केंद्र और राज्य सरकार को भी दिया है। इस निर्माण में पीठाधीश पवहारी महराज, जिन्होंने इस मन्दिर की स्थापना की है, उनका भी पूरा-पूरा समर्थन प्राप्त है।”
देवरिया और आप-पास जिलों के लिए आस्था का केंद्र
नवरात्रि के दौरान देवरिया सहित आस-पास के जिलों जैसे गोरखपुर, कुशीनगर, बलिया और बिहार के गोपालगंज और सिवान से हजारों की संख्या में श्रद्धालु यहां पहुंचते हैं। इस अवसर पर बड़ा धार्मिक मेला भी आयोजित होता है, जो स्थानीय आर्थिक गतिविधियों, सांस्कृतिक आदान-प्रदान और पर्यटन को गति देता है। इस आम जनमानस की पुरानी मांग पर मंदिर परिसर के समग्र विकास पर जोर दिया जा रहा है। सांसद शशांक मणि ने इस मंदिर परिसर को देश के बाकी प्राचीन मंदिरों की तरह चौमुखी विकास करने की मांग की है, जैसे कि उसमें धार्मिक आस्था के साथ-साथ शैक्षणिक, सांस्कृतिक और सामाजिक सुविधाओं का समावेश हो।