संवाद न्यूज एजेंसी
लाररोड। देवरिया जिले के शिक्षक की बलिया जिले के उभाव थाना क्षेत्र में गोली मारकर बाइक सवार नकाबपोशें ने चार दिन पहले हत्या कर दी थी। गले का चेन लूटने के विरोध में वारदात को नकाबपेशों ने अंजाम दिया था।
शिक्षक की बाइक पर एक महिला शिक्षक भी थी, बाइक गिरने से उसे भी चोटें आई थीं। पुलिस सूत्रों की मानें तो आजमगढ़ में ऐसे ही वारदात को अंजाम देने वाले तीन बदमाशों को पुलिस मुठभेड़ में गिरफ्तार किया है। इसमें एक बदमाश शिक्षक की हत्या में शामिल होने की बात स्वीकार की है। हालांकि पुलिस इसकी तहकीकात कर रही है। पुलिस नकाबपोशों की पहचान के लिए महिला शिक्षक को आजमगढ़ लेकर जा सकती है। इसके अलावा रिमांड पर लेकर पूछताछ करने की तैयारी में है। वहीं वारदात को लेकर देवरिया के शिक्षक संगठनों में उबाल है और वह वारदात का पर्दाफाश करने की मांग कर रहे हैं। बलिया जिले के उभाव थाना क्षेत्र के बेल्थरा रोड निवासी देवेंद्र यादव (57) लार थाना क्षेत्र के भरौली गांव के कंपोजिट विद्यालय में प्रधानाध्यापक थे। अपने सहकर्मी महिला शिक्षक के साथ मंगलवार की शाम को स्कूल से छूटने के बाद बाइक से घर जा रहे थे। वह उभांव थाना क्षेत्र के शाहुनपुर गांव के पास पहुंचे थे। इस बीच नकाबपोशोंं ने बाइक रोक ली और चेन लूटने की कोशिश की। विरोध करने पर नकाबपोशों ने शिक्षक को गोली मार दी। इलाज के दौरान मऊ में शिक्षक की मौत हो गई। पुलिस इस मामले में लूट व हत्या का केस उभाव थाने में दर्ज की है।
पुलिस की मानें तो बृहस्पतिवार की रात आजमगढ़ में हुए मुठभेड़ में पकड़े गए बदमाशों में से एक ने स्वीकार किया है कि वह उभाव थाना क्षेत्र में हुई वारद में शामिल रहा है। रसड़ा के सीओ आलोक गुप्ता ने बताया कि आजमगढ़ में हुई मुठभेड़ में पकड़े गए एक बदमाश ने शिक्षक की हत्या में शामिल होने की बात स्वीकार की है । जल्द ही वारदात का पर्दाफाश कर दिया जाएगा ।