जनपद न्यायालय (दीवानी न्यायालय) परिसर के चारो तरफ बाउंड्रीवाल के साथ-साथ कंट्रोल रूम का निर्माण कराया जाएगा।
इसके निर्माण पर 1.9716 करोड़ रुपये खर्च आएगा। शासन की ओर से इसका प्रशासकीय वित्तीय अनुमोदन मिल गया है। इसके साथ-साथ प्रथम किश्त के रूप में 98.98 लाख रुपये स्वीकृति प्रदान की गई है।
महानिबंधक उच्च न्यायालय इलाहाबाद ने जनपद न्यायालय के न्यायालय परिसर के चारो तरफ बाउंड्रीवाल और कंट्रोल रूम की स्थापना के लिए 17 सितंबर 2015 को शासन को पत्र लिखा था।
शासन ने इसे गंभीरता से लिया। न्याय अनुभाग के प्रमुख सचिव अब्दुल शाहिद ने चार दिन पूर्व पत्र जारी कर धन स्वीकृत होने की जानकारी दी।
उन्होंने महानिबंधक, निर्माण इकाई आदि को लिखे पत्र में कहा है कि इस निर्माण कार्य के लिए उत्तर प्रदेश राजकीय निर्माण निगम लिमिटेड कुशीनगर कार्यदायी संस्था के रूप में नामित है।
स्वीकृति धनराशि को आहरित कर कार्यदायी संस्था के इकाई प्रभारी को उपलब्ध कराया जाएगा।
इसके लिए निबंधक उच्च न्यायालय लखनऊ के बेंच लखनऊ को अधिकृत किया जाता है। स्वीकृत धनराशि का उपयोग 31 मार्च तक जरूर किया जाएगा।
पुनरीक्षित आगणन के आधार पर अतिरिक्त धनराशि स्वीकृति नहीं की जाएगी। सक्षम स्तर से तकनीकी स्वीकृति प्राप्त होने के बाद ही कार्य शुरू होगा।
कार्य की गुणवत्ता और मानक सही रखने की जिम्मेदारी जनपद न्यायाधीश और कार्यदायी संस्था की होगी। यह कार्य निर्धारित समय सीमा में पूरा करना होगा।
भौतिक प्रगति की आख्या जनपद न्यायाधीश के हस्ताक्षर से भेजा जाएगा।