संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। 302 और 307 गैंग की सक्रियता जिले में फिर बढ़ गई है। गैंग के गुर्गे लूट, छितैनी, बाइक चोरी जैसी वारदातों को अंजाम देने अलावा इलाके में धौंस बनाना इनका पेशा बन गया है।
पूर्व में हुई कार्रवाई से गैंग के गुर्गे इलाका छोड़ कर भाग गए थे, मगर रंगबाजी से बाज नहीं आए। शहर के अलावा भलुअनी, तरकुलवा, लार और हेतिमपुर इलाके में इस गैंग का उपद्रव अधिक है। सोशल मीडिया पर वीडियो अपलोड कर इलाके में दहशत फैलाना इनका पेशा बन गया है। डर की वजह से कोई शिकायत करने के लिए सामने नहीं आता है और पुलिस शिकायत मिलने पर कार्रवाई की दलील देती है। इसका लाभ गैंग के गुर्गे उठाते हैं।
कुछ माह पहले तरकुलवा थाना क्षेत्र के रहने वाले मनबढ़ युवक रॉयल ब्रदर्स, 005 के नाम से गैंग बनाकर लोगों में दहशत पैदा कर रहे थे, मगर पुलिस मुठभेड़ में दो मनबढ़ों को गोली लगने से बाद विलुप्त हो गए थे। समय बीतते ही यह गिरोह 007 और 302 के गैंग के नाम से संचालित होने लगा। थाना क्षेत्र में संचालित हो रहे मनबढ़ युवाओं का गैंग पुलिस के लिए सिर दर्द बन चुका है।
तत्कालीन एसपी विक्रांत वीर की सख्ती के बाद तरकुलवा पुलिस ने 007 और 302 गैंग से जुड़े 11 गुर्गों को गिरफ्तार किया था। यह रील बनाकर इंस्टाग्राम के माध्यम से लोगों में दहशत पैदा कर रहे थे। लार में 302 और 307 गैंग सामने आने पर 26 जनवरी को उसके उत्पाद का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ तो पुलिस सक्रिय हो गई। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 11 लोगों को इंस्टाग्राम पर भय फैलाने वाला वीडियो डालने वाले रात दबिश देकर उठा लिया था। यह बाइक में तेज आवाज वाले साइलेंसर लगाकर चलते थे। इसकी शिकायत पुलिस को काफी दिनों से मिल रही थी।
कुछ माह पहले एक कार्यक्रम में पुलिस पहले से नजर लगाई हुई थी। वहीं से 11 युवकों को थाने लाकर पूछताछ की तथा उनकी तीन बाइकों को सीज कर दिया था। लोगाें के अनुसार, भलुअनी में सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में हत्या के दो आरोपी स्टंट व रील बनाते गैंग के गुर्गों के साथ दिख रहे थे। वहीं अन्य वीडियो में अलग-अलग गैंग में शामिल कई मनबढ़ों पर सीएम पर अभद्र टिप्पणी सहित कई मामले दर्ज हैं।
मदनपुर क्षेत्र में 302, 307, 333 व सम्राट दबंग बादशाह नामक गैंग बनाकर मनबढ़ों ने क्षेत्र में सनसनी फैला दी थी। मदनपुर पुलिस ने गैंग से जुड़े 14 गुर्गों को दबोच लिया था। इसी बीच भलुअनी क्षेत्र में लगातार कई वीडियो वायरल हुए थे। पुलिस ने इनके खिलाफ भी कार्रवाई की थी।
इसके अलावा लार कस्बे में 307 गैंग के गुर्गों ने मारपीट की थी। इसमें पुलिस तक मामला पहुंचा था, मगर कोई कार्रवाई नहीं हुई थी। क्योंकि पंचायत में मामला सलट गया था। यह गैंग इलाके में अब भी सक्रिय है।