गौरी बाजार। लबकनी गांव में बुधवार को खलिहान की जमीन पर चबूतरा बनाकर रखी गई डाॅ.भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा को बृहस्पतिवार की शाम प्रशासन ने हटवा दिया। प्रतिमा पुलिस सुरक्षा में गौरी बाजार थाने ले जाई गई। पुलिस ने देर शाम प्राथमिकी दर्ज करते हुए 12 लोगों को हिरासत में ले लिया।
पुलिस जब प्रतिमा हटवा रही थी, उसी दौरान बगल की अनुसूचित जाति की बस्ती से पथराव किया गया। इसमें मदनपुर थाने के एसओ नंदा प्रसाद घायल हो गए। गांव में कानून-व्यवस्था कायम रखने के लिए छह थानों की फोर्स तैनात की गई है। लबकनी गांव के पूरब तरफ रास्ते के किनारे आंगनबाड़ी केंद्र हैं। वहीं खलिहान की भूमि पर बुधवार की शाम को कुछ लोगों ने चबूतरा बनाकर डॉ. आंबेडकर की प्रतिमा रखवा दी।
इसकी जानकारी होने पर पहुंची पुलिस ने समझा-बुझाकर प्रतिमा हटाने का प्रयास किया मगर अनुसूचित जाति बस्ती के लोग प्रतिमा के आगे आ गए। इसके चलते पूरी रात पुलिस गांव में ही जमी रही।
बृहस्पतिवार की सुबह पहुंची राजस्व विभाग की टीम ने जिस जमीन पर प्रतिमा रखी थी, उसकी पैमाइश की। अभिलेख में जमीन खलिहान के नाम से दर्ज पाई गई।
एसडीएम रुद्रपुर राजकुमार गुप्ता और सीओ सत्येंद्र राय भी मौके पर पहुंचे। अनुसूचित जाति बस्ती के लोगों को समझा-बुझाकर आंबेडकर की प्रतिमा को दोपहर बाद करीब चार बजे पुलिस सुरक्षा के बीच थाने भेजी गई।
इस बीच अचानक पुलिस पर पथराव किया गया, जिससे मदनपुर थाने के एसओ नंदा प्रसाद घायल हो गए। हालांकि, इस दौरान पुलिस ने संयम बरता और प्रतिमा को थाने भेजने के बाद पथराव कर रहे लोगों को खदेड़ दिया।
इस संबंध में सीओ रुद्रपुर सत्येंद्र राय ने बताया कि बिना अनुमति के रखी गई प्रतिमा को हटवाया गया है। मौके पर शांति व्यवस्था कायम है। लबकनी गांव की रातभर कटी रही बिजली : तनाव को देखते हुए बिजली निगम ने लबकनी गांव की बुधवार शाम को बिजली आपूर्ति बंद कर दी थी। ग्रामीणों ने बताया कि गर्मी व उमस में पूरी रात बिजली नहीं आई।