भाटपार रानी। कृषि विज्ञान केंद्र मल्हना, भाटपाररानी के प्रांगण में विश्व मृदा स्वास्थ्य दिवस का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ भाजपा के वरिष्ठ नेता सुशील शाही ने किया।
उन्होंने कहा कि किसानों को खेती करने से पहले वैज्ञानिकों से सलाह लेकर मिट्टी की जांच करानी जरूरी है। इससे पैदावार भी अच्छी होगी। उपकृषि निदेशक सुभाष मौर्य ने बताया कि फसलों को 17 पोषक तत्वों की आवश्यकता होती है। भूमि में इनका संतुलन होना बहुत जरूरी है। डॉ. रवि प्रकाश मौर्य ने बताया कि कीटनाशकों का प्रयोग अनावश्यक रूप से नहीं करना चाहिए।
डॉ. कमलेश मीना ने बताया कि मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन के लिए सही स्रोत, सही दर, सही जगह और सही समय यह चार आधार होते हैं। जिला कृषि अधिकारी उदय शंकर सिंह ने कहा कि मिट्टी का स्वास्थ्य सही रखने के लिए जांच करना आवश्यक है। संतोष कुमार मौर्य भूमि संरक्षण अधिकारी ने कहा कि किसानों को फसल चक्र अपनाना चाहिए। जयकुमार ने बताया कि प्राकृतिक खेती पर विशेष ध्यान देना चाहिए। डॉ. अंकुर शर्मा ने पशुपालन और खेती को एक दूसरे से पूरक बताया। मृदा स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर लगभग 150 महिला और पुरुष कृषकों ने भाग लिया। संवाद