-मेडिकल कॉलेज में रोजाना आ रहे 50 से 60 मरीज
-त्वचा पर खुजली, लाल चकत्ते और दाने निकलने से परेशान हैं मरीज
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। स्कीन संबंधी बीमारियों से लोग पीड़ित हो रहे हैं। शरीर पर लाल चकत्ते निकल रहे हैं, जबकि खुजली, दाने निकलने की समस्या से भी लोग ग्रसित हो रहे हैं। इसके अलावा फंगल इंफेक्शन की चपेट में भी आ रहे हैं। मेडिकल कॉलेज में इन दिनों त्वचा की बीमारी से पीड़ित मरीजों की संख्या बढ़ रही है। रोजाना करीब 50 से 60 मरीज आ रहे हैं। डॉक्टर दवा दे रहे हैं। साथ ही साफ-सफाई व धूप और पसीने से बचने की सलाह भी दे रहे हैं।
मौसम बदल रहा है। दिन का तापमान बढ़ रहा है। इसका स्वास्थ्य पर असर पड़ रहा है। लोग त्वचा की बीमारी से पीड़ित हो रहे हैं। गर्मी होने से शरीर में दाने निकल जा रहे हैं और जलन भी हो रहा है। साथी खुजली भी हो रही है। सफाई पर ध्यान नहीं देने से दाद से भी पीड़ित हो रहे हैं। मेडिकल कॉलेज के चर्म रोग विभाग में मरीजों की संख्या बढ़ रही है। रोजाना करीब दो सौ से अधिक मरीज इलाज के लिए पहुंच रहे हैं। इस तरह की बीमारी से पीड़ित 50 से 60 मरीज होते हैं। इसके अलावा फंगल इंफेक्शन व त्वचा से संबंधित अन्य अन्य बीमारी से ग्रसित मरीज होते हैं। डॉक्टर मरीजों की समस्या सुनने के बाद जांच कर दवा दे रहे हैं। साथ ही सावधानी बरतने की सलाह दे रहे हैं। बीमारी के ठीक होने में करीब एक से दो सप्ताह का समय लग जा रहा है। लापरवाही बरतने पर अधिक समय लग सकता है। ऐसे में मरीजाें को सजग रहने की जरूरत है। कुछ को छोड़कर कई दवा अस्पताल में न आने की वजह से बाहर से लेनी पड़ रही है।
मेडिकल कॉलेज के चर्म रोग विशेषज्ञ डॉ. अजीत पाल ने बताया कि मौसम बदलने पर गर्मी से होने वाली बीमारियों से लोग ग्रसित होते हैं। गर्मी से शरीर में खुजली के साथ दाने निकल आते हैं, जिसमें जलन होता है। पीएमएलई से पीड़ित होते हैं। फोटो डर्मटाइटिस के चलते दिक्कत होती है। शरीर के खुले हिस्से में छोटे-छोटे दाने निकलते हैं और खुजली होती है। एकने की दिक्क्त भी होती है। इसमें पिंपल निकल जाते हैं। इसके अलावा पसीना होने से लोग फंगल इंफेक्शन की चपेट में आते हैं। शरीर के जिस हिस्से में पसीना रहता है, वहां दाद जैसी समस्या होती है। अधिक गर्मी होने पर घमौनिया से भी पीड़ित होते हैं। इस समय त्वचा को डी हाइड्रेंट से बचाएं, मोस्चराइजर का प्रयोग करें। त्वचा से संबंधी दिक्कत होने पर लापरवाही नहीं बरतनी चाहिए। परेशानी बढ़ सकती है। तत्काल चर्म रोग विशेषज्ञ से संपर्क कर इलाज कराना चाहिए।
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यह बरतें सावधानी
- सूती ढीला कपड़ा पहनें
- भीगा कपड़ा पहनने से बचें
- शरीर की सफाई रखें
- धूप में चेहरा को ढक कर निकलें
- सुपाच्य व पौष्टिक आहार लें
- मौसमी फल व हरी साग-सब्जी का सेवन करें
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