वीरबहादुर यादव के घर में रोते-बिलखते परिजन
बरहज। ओमान के पास समुद्र में ड्रोन हमले के बाद देवरिया का युवक वीरबहादुर लापता हो गया है। ऑयल टैंकर से पहली बार समुद्री यात्रा पर निकले वीरबहादुर का सुराग नहीं मिलने से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
बेटे की सलामती की खबर मिलने की उम्मीद में परिजन टकटकी लगाए बैठे हैं। घर में हर आंख नम है। अपनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वीरबहादुर के सुरक्षित लौटने के लिए परिवार और गांव के लोग लगातार दुआ कर रहे हैं। बरहज क्षेत्र के बड़का गांव निवासी वीरबहादुर यादव पुत्र दिवंगत रामसमुझ यादव पहली बार ऑयल टैंकर एमटी पेट्रो डॉल्फिन से ओमान जा रहे थे।
रविवार को हुए हमले में जहाज क्षतिग्रस्त हो गया। हादसे के बाद से वीरबहादुर और उनके साथी अमित सिंह का पता नहीं चल सका है।
जहाज पर सवार नौ अन्य लोगों को बचा लिया गया। वीरबहादुर के लापता होने की खबर से परिवार में चीख-पुकार मची है। परिजन और ग्रामीण उनकी सलामती के लिए दुआ कर रहे हैं।
वीरबहादुर पढ़ाई पूरी करने के बाद मर्चेंट नेवी में जाने के लिए प्रशिक्षण ले रहे थे। दूसरे नाविक अमित सिंह के भी देवरिया का होने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
दिवंगत रामसमुझ यादव के चार संतानों में वीरबहादुर सबसे छोटे हैं। बड़े भाई मंटू यादव खाड़ी देश में नौकरी करते हैं। बेटे के लापता होने से मां मंजू देवी और भाई-बहन बदहवास हैं।