देवरिया। उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षामित्र संघ की बैठक शनिवार को सदर बीआरसी में हुई। इसमें शिक्षामित्रों ने अपने हक के लिए आरपार की लड़ाई लड़ने के लिए तैयार होने की अपील की। बैठक के बाद पदाधिकारियों ने बीएसए शालिनी श्रीवास्तव से मिलकर मांगों का ज्ञापन सौंपा। बीएसए ने उनकी मांगों पर नियमांतर्गत विचार करने का भरोसा दिया।
जिलाध्यक्ष मनोज सिंह चंदेल ने कहा कि मुख्यमंत्री ने पांच सितंबर शिक्षक दिवस के अवसर पर शिक्षामित्रों के आर्थिक सुधार के लिए मानदेय वृद्धि एवं कैशलेश चिकित्सा सुविधा की घोषणा की थी। इसके बाद शिक्षामित्रों में आशा जग गई थी लेकिन पांच माह बाद भी इस पर शासन की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने कहा कि सरकार से विनय और आग्रह करने का समय समाप्त है।
शिक्षा मित्र साथी अब अपनी अंतिम लड़ाई आरपार लड़ने के लिए तैयार रहें। अगर सरकार ने शिक्षा मिलों के मामले पर फरवरी माह तक विचार नहीं किया तो हम सब साथी एक साथ विधानसभा सभा को कूच करेंगे और जब तक हमारी मांगें नहीं मानी जाएंगी हम अंतिम सांस तक संघर्ष का रास्ता नहीं छोड़ेंगे।