मनीष सिंह को एडीजीपी कर चुके हैं सम्मानित, उनसे सिपाही को शांति भंग की आशंका
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। पुलिस की कार्यप्रणाली को लेकर अधिवक्ताओं में खूब चर्चा है। जिसे अपर पुलिस महानिदेशक अभियोजन उत्कृष्ट कार्य के लिए सम्मानित कर चुके हैं, उनसे सिपाही को शांति भंग का खतरा महसूस हो रहा है। पुलिस की इस कार्यप्रणाली से डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन व जिला कलक्ट्रेट बार एसोसिएशन के अधिवक्ता आक्रोशित हैं।
अपर जिला शासकीय अधिवक्ता मनीष सिंह व वरिष्ठ अधिवक्ता अरविंद साहनी, शांति स्वरूप दूबे सहित अन्य कई अधिवक्ताओं को स्थानीय पुलिस की रिपोर्ट पर एसडीएम सदर ने शांति भंग का नोटिस जारी किया है। नोटिस की जानकारी होते ही अधिवक्ताओं में आक्रोश बढ़ गया है। डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन व जिला कलक्ट्रेट बार एसोसिएशन के बैनर तले अधिवक्ता सोमवार को बैठक कर अधिकारियों को ज्ञापन सौंपेंगे और पुलिस की कार्यप्रणाली की निंदा करेंगे।
उधर, अपर जिला शासकीय अधिवक्ता मनीष सिंह को सर्वोत्कृष्ट कार्य के लिए अपर पुलिस महानिदेशक अभियोजन सम्मानित कर चुके हैं। उनकी कार्यप्रणाली पर जिले के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी अपनी संस्तुति दी है। अरविंद साहनी फौजदारी के वरिष्ठ अधिवक्ता होने के साथ कई सामाजिक, राजनैतिक व शैक्षणिक संगठनों से भी जुड़े हुए हैं ।
ऐसे अधिवक्ताओं को शांति भंग का नोटिस जारी किए जाने पर डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन अध्यक्ष सुशील कुमार मिश्रा, जिला कलक्ट्रेट बार एसोसिएशन अध्यक्ष संजय मिश्रा, वरिष्ठ अधिवक्ता सुभाष चंद्र राव, दिव्यांश पति त्रिपाठी, रामानुज शुक्ला, ज्ञानेश्वर उर्फ प्रीतम मिश्रा, आरपी कुशवाहा, अजीत तिवारी, राधा कृष्ण शुक्ल, शिवकुमार मणि, बृजबांके तिवारी, सिंहासन गिरी, मनोज कुमार मिश्रा, शिव कुमार दूबे, गिरजेश दूबे आदि अधिवक्ताओं ने आक्रोश व्यक्त करते हुए नोटिस तत्काल वापस लिए जाने की मांग की है।