देवरिया। महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल काॅलेज के आर्थो वार्ड से गायब महिला घरवालों को लड़ता देखकर अस्पताल से चली गई थी। वहीं महिला के पति का कहना है कि उसकी मानसिक स्थिति ठीक नहीं है, इसलिए वार्ड से अचानक निकल गई थी।
वहीं अस्पताल प्रशासन का कहना है कि परिजन महिला के साथ आए थे लेकिन दोबारा पर्ची बनवाने की बात कहने पर अपनी उपस्थिति दर्ज कराकर बिना इलाज कराए ही चले गए। फिलहाल इस पूरी कवायद ने मेडिकल कॉलेज में फैली अव्यवस्था को उजागर कर दिया।
रुद्रपुर पश्चिमी के तिवारी टोला निवासी गुजराती देवी के हाथ में चोट लगी थी। सोमवार को पति गुलाब और उनकी बेटी गुजराती को मेडिकल काॅलेज में इलाज के लिए लेकर आए थे।
डॉक्टर ने महिला के हाथ का ऑपरेशन करने के लिए बुधवार को डेट दिया था। महिला को वार्ड में भर्ती कर दिया गया। सोमवार की रात में ही महिला वार्ड से लापता हो गई।
घरवालों ने खोजबीन की, लेकिन महिला का कुछ पता नहीं लगा। काॅलेज प्रशासन ने इसकी सूचना पुलिस को दे दी।
मोहल्ले के लोग भी महिला को खोजने निकले। पड़ोसियों ने बताया कि मंगलवार की सुबह रुद्रपुर रोड पर छेरिहवा गांव के सामने भटक रही महिला को किसी व्यक्ति ने देखा और उसके बताए पते के अनुसार रुद्रपुर कस्बे में लाकर छोड़ दिया। इसकी जानकारी होते ही मेडिकल काॅलेज प्रशासन ने घरवालों से बात किया। इसके बाद परिजन बुजुर्ग महिला को लेकर मेडिकल काॅलेज पहुंचे।
मेडिकल कॉलेज में बताया गया कि लामा में दर्ज होने की वजह से महिला का दोबारा पर्ची बनवाकर इंट्री कराना होगा। इसके बाद घरवालों ने वार्ड में पहुंचने की सूचना दर्ज कराई और पर्ची बनवाने नीचे गए। वहां से महिला को लेकर घर चले गए। सीएमएस डॉ. एचके मिश्र ने बताया कि बुजुर्ग मरीज भटककर वार्ड से चलीं गईं थी।
इसकी सूचना पुलिस को दे दी गई थी। मरीज परिजनों को घर मिलीं। उन्हें बुलाकर फिर से इंट्री कराई गई। इसके बाद परिजन बिना ऑपरेशन कराए ही मरीज को लेकर चले गए।