जीआईसी से पीसीएस प्री परीक्षा देकर आतीं अभ्यर्थी।
22 केंद्रों पर आयोजित पीसीएस-प्री परीक्षा, अनुपस्थित रहे 4921 अभ्यर्थी
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। पीसीएस-प्री परीक्षा रविवार को 22 केंद्रों पर संपन्न हुई। इसमें पूछे गए सवालों ने अभ्यर्थियों को उलझाया। सिमिलर आंसर वाले प्रश्नों का जवाब देने में अभ्यर्थियों को दिमागी कसरत करनी पड़ी। इसके चलते उन्हें प्रश्नों का उत्तर देने में अधिक समय लग गया। परीक्षा की प्रथम पाली में 8918 के सापेक्ष 4009 अभ्यर्थी मौजूद रहे। 4909 अभ्यर्थियों ने परीक्षा छोड़ दी। दूसरी पाली में 12 और अभ्यर्थियों ने परीक्षा छोड़ दी। इसमें 4921 नहीं आए।
राजकीय इंटर काॅलेज मेंं परीक्षा देकर निकलीं पायल को सामान्य अध्ययन के प्रश्न कठिन लगे। उन्हें प्रश्नों के विकल्प उलझाऊ लगे। इनमें से सही उत्तर का चयन करने में समय लग गया। अनन्या द्विवेदी ने बताया कि पेपर अच्छा आया था। पेपर माडरेट था। पीसीएस में इतना तो होना ही चाहिए। अवंतिका ने बताया कि अभिकथन वाले प्रश्न अधिक पूछे गए थे। इससे उत्तर चुनने में समय लग गया।
दीपांकी सिंह को पेपर माडरेट लगा। उन्होंने बताया कि प्रश्न इस तरह से पूछे गए थे कि अच्छी तरह पढ़कर सोच विचार कर ही उत्तर दिया जा सकता था। जल्दबाजी करने पर उत्तर गलत हो सकता था। जीआईसी से पेपर देकर बाहर आईं ज्योति त्रिपाठी ने कहा कि आरओ जैसा पेपर आया था। बहुत कठिन नहीं लगा। अवंतिका ने बताया कि जीएस का पेपर कठिन था। आकांक्षा ने इसे माडरेट बताया। शिखा पांडेय ने बताया कि प्रश्नपत्र में वन लाइनर सवाल कम आए थे। अभ्यर्थी प्रिंस कुमार ने बताया कि इस बार पीसीएस-प्री के पेपर आईएएस की तरह के पूछे गए।
..
बोले अभ्यर्थी
अभिकथन वाले प्रश्न अधिक आए थे। इससे प्रश्नों का उत्तर देने में अधिक समय लग गया। कुल मिलाकर पेपर अच्छा रहा।
अवंतिका
.
आईएएस के पैटर्न पर सवाल पूछे गए थे। इसके विकल्प मिलते-जुलते थे। इससे कन्फ्यूूजन क्रिएट हो रहा था। संभलकर उत्तर दिया गया।
प्रिंस कुमार