राज्यपाल रामनाईक ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के जन्मदिन पर उनके योगदान का बखान किया। उन्होंने कहा कि पिछले साल अटल बिहारी वाजपेयी जी को भारत रत्न मिला है। 10 साल पहले प्रधानमंत्री थे। उनके कार्यकाल में प्रदेश और देश में कई बेहतर कार्य शुरू हुए। यूपी ने देश को नौ प्रधानमंत्री दिए हैं।
नरेंद्र मोदी ने पार्टी को बहुमत तक दिलाया। सपा सरकार के भविष्य के सवाल पर कहा कि उत्तर प्रदेश की जनता 2017 में यह तय करेगी।
नेशनल मेडिकोज आर्गेनाइजेशन की ओर से डीएसएस स्कूल में पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के जन्म दिन पर आयोजित स्वास्थ्य मेला मेें मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित कर रहे थे।
25 मिनट के संबोधन में अटल बिहारी वाजपेयी के साथ ही महामना मदन मोहन मालवीय को याद किया। बोले, देश के विकास में मालवीय जी के योगदान को किताबों में पढ़ा होगा। अटल जी को याद करते हुए कहा कि जनसंघ के शुरुआती दिनों में उम्मीदवार तक नहीं मिलते थे।
वर्ष 1957 में अटल जी ने तीन जगहों से चुनाव लड़ा। एक जगह से डिपॉजिट वापस करना पड़ा, बलरामपुर से हार का सामना करना पड़ा। फिर भी राजनीति में बड़े थे। इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि विपक्ष में रहते हुए सभी के प्रिय थे। प्रधानमंत्री पीवी नरसिम्हा राव ने यूएनओ में देश की भूमिका रखने के लिए उनके नाम का प्रस्ताव रखा था। ऐसे महान व्यक्तित्व के साथ काम करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ है।
उन्होंने कहा कि दोनों महापुरुषों का जन्म दिन एक साथ पड़ना दूध में शक्कर जैसा है। दूध, शक्कर के बाद केसर पड़ जाए तो क्या पूछना। ऐसा ही संयोग आज-कल का था। कल पैगम्बर साहब का जन्मदिन मना। आज क्रिसमस है। ऐसे दिन आने का मौका मिला है।