देवरिया। रोडवेज परिसर में यात्री शेड बनाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। इसके लिए टेंडर निकाला गया है। दो साल से शेड न होने से यात्रियों को धूप में खड़े होकर बस का इंतजार करना पड़ता है।
देवरिया डिपो में दो साल पहले जर्जर प्रशासनिक भवन और यात्री विश्रामालय को नीलामी प्रक्रिया के बाद ध्वस्त करा दिया गया था। इसके बाद से यहां नए यात्री शेड के निर्माण की मांग चली आ रही है। शेड न होने से गर्मी-ठंड हो या बरसात हर मौसम यहां आने वाले यात्रियों को दिक्कतें होती है। वर्तमान में डिपो की आय प्रतिदिन औसतन 25 लाख के करीब है। रोजाना 30 से 35 हजार यात्री यहां की यात्रा करते हैं।
डिपो से सीधे दिल्ली, कानपुर व लखनऊ के अलावा लोकल रूट पर गोरखपुर, बस्ती, कसया, पडरौना, सलेमपुर, प्रतापपुर आदि जगहों के लिए बसें संचालित हो रही हैं। एमएसटी धारक यात्रियों की संख्या चार हजार से अधिक हैं। इसमें छात्र-छात्राओं के अलावा सरकारी व प्राइवेट नौकरीपेशा वर्ग भी शामिल है। इसके अलावा मेडिकल कॉलेज व कचहरी आने वालों की संख्या भी काफी है।
सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक कपिलदेव प्रसाद ने बताया कि रोडवेज परिसर में 34 लाख रुपये की लागत से यात्री शेड बनाने की तैयारियां चल रही है। इस संबंध में मुख्यालय से भी शासनादेश आ गया है। इसके लिए टेंडर प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। संवाद