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Deoria News: मार्कशीट ही नहीं, पता भी निकला फर्जी छह साल बाद भी पुलिस के हाथ खाली

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देवरिया। फर्जी दस्तावेजों के सहारे गोरखपुर जिले के बेसिक शिक्षा विभाग में सहायक अध्यापक की नौकरी हासिल करने वाले जिले के 10 शिक्षकों के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी मामले में पुलिस को छह साल बाद भी पूरी जानकारी नहीं मिल सकी है।
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गोरखपुर जिले के राजघाट थाने में दर्ज इस मामले में 37 आरोपित शिक्षकों में से 10 देवरिया के हैं। इनमें से कई अब तक पुलिस की पकड़ से बाहर हैं।
जानकारी के मुताबिक, गोरखपुर के तत्कालीन जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी भूपेंद्र नारायण सिंह की शिकायत पर 19 फरवरी 2020 को बेसिक शिक्षा विभाग में फर्जी प्रमाण पत्र के आधार पर नौकरी पाने वालों पर कार्रवाई हुई थी। जांच में सामने आया कि आरोपितों ने फर्जी शैक्षणिक प्रमाण पत्रों के आधार पर आधार और पैन कार्ड बनवाकर दूसरे व्यक्तियों के नाम पर शिक्षक की नौकरी हासिल कर ली थी।
बीएसए कार्यालय द्वारा नोटिस जारी कर सभी को अपना पक्ष रखने के लिए बुलाया गया, लेकिन कोई भी उपस्थित नहीं हुआ। इसके बाद सभी को बर्खास्त करते हुए थाने में शिकायत दर्ज कराई गई।
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इसके बाद 5 मार्च 2020 को राजघाट थाने में देवरिया समेत विभिन्न जिलों के 37 शिक्षकों के खिलाफ जालसाजी, धोखाधड़ी और कूटरचित दस्तावेज तैयार कर नौकरी पाने जैसी गंभीर धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई थी।
इस मामले में देवरिया जिले के करीब 10 शिक्षकों को भी आरोपी बनाया गया है। इन शिक्षकों ने सदर कोतवाली, मईल, लार और सलेमपुर थाना क्षेत्र के गांव का पता दिया था।
पुलिस द्वारा लगातार दबिश दी जा रही है, लेकिन अधिकांश मामलों में दर्ज पते पर संबंधित व्यक्ति नहीं मिल रहा है। पुलिस जब आरोपितों के बताए गए पते पर पहुंचती है तो वहां या तो कोई और व्यक्ति मिलता है या फिर पता चलता है कि इस नाम का कोई व्यक्ति वहां कभी रहा ही नहीं। कई मामलों में आरोपित पहले ही अपना ठिकाना बदल चुके हैं।
मामले के विवेचक इंस्पेक्टर नवीन कुमार मिश्र के मुताबिक 37 आरोपितों में से अब तक सात आरोपितों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है, बाकी की तलाश जारी है। उन्होंने बताया कि आरोपितों की तलाश जारी है। दस्तावेज में जो पते हैं उनमें ज्यादातर फर्जी हैं। ऐसे में आरोपी शिक्षकों के गिरफ्तारी में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। पुलिस तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर उनकी लोकेशन ट्रेस करने में जुटी है और जल्द ही सभी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
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