देवरिया। जिले के नौ विद्यालयों के प्रधानाचार्य का वेतन जिला विद्यालय निरीक्षक ने रोक दिया है। मान्यता, भूमि, भवन व सोसायटी रजिस्ट्रेशन आदि की जानकारी नहीं देने पर इनके विरुद्ध कार्रवाई की गई है। विवरण डीआईओएस कार्यालय को मिलने तक वेतन बाधित रहेगा।
इन विद्यालयों पर एक ही डीआईओएस कार्यालय के एक ही पत्रांक पर मान्यता लेने का आरोप है। जिले के नौ विद्यालयों द्वारा एक ही पत्रांक के आधार पर फर्जी तरीके से मान्यता लेकर वेतन आदि आहरित करने का आरोप शहर के अंसारी रोड निवासी दिलीप चौरसिया ने लगाया था।
इन विद्यालयों पर 1970-71 में जिला विद्यालय निरीक्षक द्वारा जारी एक ही पत्रांक के आधार पर मान्यता लेने की बात कहते हुए सभी विद्यालयों के विद्यालय के मान्यता, भूमि भवन बाइलाज प्रशासन योजना सोसायटी रजिस्ट्रेशन आदि का आरोप लगाते हुए इनका विवरण जिला विद्यालय निरीक्षक से मांगा था।
इस पर जिला विद्यालय निरीक्षक ने सभी विद्यालयों के प्रबंधक/प्रधानाचार्यों से मांगे गए विवरण उपलब्ध कराने के लिए कहा था पर किसी भी विद्यालय ने विवरण उपलब्ध नहीं कराया। इस पर जिला विद्यालय निरीक्षक ने श्री जवाहर रघुनन्दन जूनियर हाईस्कूल जमुना मठ कसली, श्री गांधी जूनियर हाईस्कूल महुआपाटन, जनता जूनियर हाईस्कूल बटुलही, अमीचंद जूनियर हाईस्कूल बलुआ अफगान भटनी , श्री रामधारी पांडेय जूनियर हाईस्कूल पगरा, श्री गांधी जूनियर हाईस्कूल मरहवा, जूनियर हाईस्कूल देसही देवरिया, जनता जूनियर हाई स्कूल हाटा देवरिया और जूनियर हाईस्कूल देवरिया मीर के प्रधानाचार्य का वेतन बाधित कर दिया। जिला विद्यालय निरीक्षक शिवनारायण सिंह ने बताया कि नौ विद्यालयों के प्रधानाचार्यों का वेतन विद्यालय के मान्यता, भूमि, सोसाइटी रजिस्ट्रेशन, शिक्षक कर्मचारियों का विवरण नहीं देने के चलते बाधित किया गया है।