एसडीएम ने जिम्मेदारों को लगाई थी फटकार, तहसील के बगल में बना अस्थाई रैन बसेरे को कुछ दिन पहले उजाड़ ले गए थे नगर पंचायत के कर्मचारी
सलेमपुर। स्थानीय नगर पंचायत में राहगीरों और निराश्रितों के लिए रैन बसेरा बनाने काम शुरू हो गया है। शुक्रवार को तहसील के बगल में पूर्व की जगह दोबारा निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया। इससे नगर के लोगों में हर्ष है।
ठंड बढ़ने के बावजूद नगर पंचायत के जिम्मेदार इसे गंभीरता से नहीं ले रहे थे। इसके चलते बाहर से आने वाले राहगीरों को इधर-उधर रात काटनी पड़ रही थी। एसडीएम दिशा श्रीवास्तव ने नगर पंचायत के जिम्मेदारों को फटकार लगाते हुए तत्काल रैन बसेरा को ठीक कराने का निर्देश दिया।
बतादें कि अस्थायी रैन बसेरे के लिए हर साल अक्तूबर में ही प्रक्रिया शुरू हो जाती थी लेकिन इस बार नवंबर बीतने के बाद भी काम शुरू नहीं हुआ था। नगर पंचायत के तरफ से भी कोई इंतजाम नहीं हो सका था। ऐसे में दूरदराज से आने वाले लोगों को रात गुजारने में काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। सरकारी अस्पताल से लेकर रोडवेज और रेलवे स्टेशन पर राहगीर अपने स्तर से व्यवस्थाएं करके रात गुजार रहे हैं।
बुधवार की रात में पड़ताल में हकीकत सामने आई। रेलवे स्टेशन के बगल में लोग महज एक कंबल के सहारे रात गुजारते दिखे। अमर उजाला में बुधवार के अंक में बढ़ने लगी सर्दी, नहीं बन पाया अस्थाई रैन बसेरा शीर्षक से प्रमुखता से खबर प्रकाशित हुई। जिसे गंभीरता से लेते हुए एसडीएम दिशा श्रीवास्तव ने नगर पंचायत के ईओ महेंद्र कुमार पांडेय से पूर्व में बनाए गए रैन बसेरा को उजाड़ने का कारण पूछते हुए तत्काल ठीक कराने की बात कही। इसके बाद ईओ महेंद्र कुमार पांडेय लिपिक अंजनी सिंह और सुधीर के साथ मौके पर पहुंचे और निर्माण कार्य शुरू कराने का निर्देश दिया।
ईओ महेंद्र पांडेय ने बताया कि तहसील के बगल में रैन बसेरा बन चुका है। कुछ काम अभी अधूरा है जिसे कल तक ठीक करा दिया जाएगा।