देवरिया/देसही देवरिया। असम से देवरिया आ रहे गांजा को लखनऊ एसटीएफ की टीम ने मंगलवार रात देसही देवरिया ब्लॉक मुख्यालय के पास पकड़ लिया। टीम ने गांजा लदे कंटेनर और तस्कर को भी दबोच लिया है।
डेढ़ क्विंटल गांजा की कीमत 18 लाख रुपये आंकी जा रही है। तस्कर से जानकारी लेने के बाद सरगना भी टीम के हत्थे चढ़ गया है। वह बिहार के गोपालगंज जिले का है। सरगना व तस्कर करीब 11 माह बाद जेल से बाहर आए थे। इसके बाद फिर गांजा की खेप मंगानी शुरू कर दी थी।
लखनऊ एसटीएफ को मुखबिर से सूचना मिली कि असम से गांजा की खेप बिहार के रास्ते देवरिया आ रही है। इस पर टीम ने हेतिमपुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर जांच शुरू कर दी। इसी बीच एक कंटेनर बिहार से जिले की सीमा में प्रवेश किया तो एसटीएफ ने उसे संदिग्ध मान पीछा किया।
चालक को इसकी भनक लगी तो वह हाईवे छोड़कर वाहन को महुआडीह थाना क्षेत्र के देवरिया मार्ग पर मोड़ लिया। इसके बाद वह अवरही तिराहा से रामपुर कारखाना थाना क्षेत्र के देसही की तरफ कंटेनर को मोड़कर तेजी से भागने लगा। यह देख एसटीएफ ने रामपुर कारखाना पुलिस से सहयोग लिया और नाकाबंदी कर उसे देसही देवरिया ब्लॉक मुख्यालय के पास पकड़ लिया।
चालक मजहर वाहन छोड़कर भागने की कोशिश करने लगा, लेकिन पुलिस ने उसे दौड़ाकर पकड़ लिया। कंटेनर में डेढ़ क्विंटल गांजा लादकर वह अपने सरगना अभिमन्यु के ठिकाने पर जा रहा था। इससे पहले कुछ गांजा निकालकर वह बिहार में कई जगह सप्लाई भी दे चुका था।
चालक मजहर अली रामपुर कारखाना थाना क्षेत्र के पिपरा मदन गोपाल गांव का रहने वाला है। पुलिस की पूछताछ में उसने बिहार के गोपालगंज जिले के विजयीपुर थाना क्षेत्र के मठिया गांव निवासी सरगना अभिमन्यु सिंह उर्फ मन्नू का भी नाम बताया। एसटीएफ ने पुलिस के सहयोग से रात में ही अभिमन्यु को मठिया गांव से दबोच लिया। इससे पहले पुलिस ने दोनों को नारकोटिक्स टीम की मदद से 1.70 क्विंटल गांजा के साथ दिसंबर 2023 में गिरफ्तार कर जेल भेजा था। दोनों 11 महीने बाद जेल से जमानत पर बाहर आए थे। इसके बाद फिर गांजा तस्करी शुरू कर दिया। पकड़ी वीरभद्र के पास देना था गांजा
रामपुर कारखाना के प्रभारी निरीक्षक जितेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि कंटेनर में एक क्विंटल 54 किलो गांजा बोरी में भरा हुआ बरामद हुआ। उसने पकड़ी वीरभद्र के पास किसी को उसमें से कुछ गाजा की डिलेवरी देने वाला था। इसमें दो आरोपी गिरफ्तार किए गए हैं। यह दोनों गांजा तस्करी में पहले भी जेल जा चुके हैं।