75 ग्राम पंचायतों में सामुदायिक शौचालय बनाने को नहीं मिल रही जमीन
देवरिया। स्वच्छ भारत मिशन का सपना कैसे पूरा होगा, जब ग्राम पंचायतों के पास एक सामुदायिक शौचालय बनाने तक को जमीन नहीं है। जिले में 75 ऐसी ग्राम पंचायतें हैं, जहां शौचालय निर्माण भूमि के अभाव या विवाद के चलते अटका पड़ा है।
जिले में कुल 1189 ग्राम पंचायतें हैं। सभी ग्राम पंचायतों में स्वच्छ भारत मिशन के तहत एक-एक सामुदायिक शौचालय बनाए जाने हैं। ताकि गांव के भूमिहीन परिवार या बाहर से आए लोग शौचालय का इस्तेमाल कर सकें। लॉकडाउन समाप्त होते ही पंचायत राज विभाग की ओर से ग्राम पंचायतों को भूमि चिह्नित कर शौचालय निर्माण शुरू कराने के निर्देश दिए गए। अभी तक 1114 सामुदायिक शौचालयों की तकनीकी स्वीकृति मिल पाई है। जिसमें 456 का निर्माण पूरा हो चुका है। 658 निर्माणाधीन हैं। 75 ग्राम पंचायतों में जमीन को लेकर असमंजस की स्थिति है। जिसमें 39 के पास भूमि उपलब्ध नहीं है। 36 ग्राम पंचायतों में चिह्नित जमीनों पर विवाद होने के चलते निर्माण शुरू नहीं हो पाया है।
इन ब्लॉकों में है भूमि संबंधी परेशानी
ब्लाक - ग्राम पंचायत
बैतालपुर - 07
बनकटा - 03
भागलपुर - 02
भलुअनी - 02
भटनी - 06
देवरिया सदर- 01
देसही देवरिया- 07
गौरीबाजार - 10
लार - 03
पथरदेवा - 10
रामपुर कारखाना- 10
रूद्रपुर - 10
सलेमपुर - 02
तरकुलवा - 02
जिले में 75 ऐसी ग्राम पंचायतें हैं, जहां जमीन उपलब्ध नहीं होने या विवाद उत्पन्न होने के चलते सामुदायिक शौचालय का निर्माण शुरू नहीं हो पाया है। विवादित स्थलों का समाधान तहसील के माध्यम से कराने का प्रयास किया जा रहा है।
- आनंद प्रकाश श्रीवास्तव, डीपीआरओ