देवरिया। कसया ढाले पर प्रस्तावित ओवरब्रिज का निर्माण शिलान्यास से पहले ही विवादों में घिर गया है। ओवरब्रिज के निर्माण को लेकर स्थानीय व्यापारियों ने विरोध शुरू कर दिया है।
व्यापारियों का कहना है कि प्रस्तावित निर्माण से उनका कारोबार प्रभावित होगा। विरोध को देखते हुए डीएम ने फिलहाल निर्माण पर रोक लगा दी है।
इससे शिलान्यास पर संशय के बादल मंडराने लगे हैं। अंडरपास के बाद ओवरब्रिज का मामला भी विवादित होने से कसया ढाले पर जाम से छुटकारा मिलने की आस जल्द पूरी होती नहीं दिख रही है।
कसया ढाले पर करीब डेढ़ साल पहले अंडरपास निर्माण को मंजूरी मिली थी, लेकिन जमीन का मामला उलझ जाने की वजह से वह परियोजना फिलहाल ठंडे बस्ते में है। इसके बाद से इसी ढाले पर सेतु निगम की तरफ से एक ओवरब्रिज निर्माण का प्रस्ताव दिया गया।
करीब 72 करोड़ से बनने वाले इस ओवरब्रिज की डिजाइन फाइनल होने के साथ ही पूर्वोत्तर रेलवे से भी एनओसी मिल गई है। इसी महीने पुल का शिलान्यास होना था, जिसके लिए निर्माण सामग्री भी गिरने लगी थी। अचानक ओवरब्रिज का विराेध शुरू हो गया। आसपास के व्यापारियों के विरोध को देखते हुए डीएम ने ओवरब्रिज के निर्माण से जुड़े कार्यों को अगले आदेश तक रोकने के निर्देश दिए हैं। इससे शिलान्यास की तैयारियों को भी झटका लगा है।
स्टेशन रोड से शुरू होकर भिखमपुर रोड तक बनना है आरओवी : इस ओवरब्रिज का निर्माण रेलवे स्टेशन रोड से शुरू होकर भिखमपुर रोड तक होना है।
करीब 620 मीटर लंबे ओवरब्रिज पर रेलवे लाइन और उसके दोनों तरफ पिलर होगा, जबकि करीब ढाई सौ मीटर हिस्सा रिटेनिंग वॉल का होगा। ओवरब्रिज बन जाने से कसया ढाले पर लगने वाला जाम समाप्त हो जाएगा।