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Deoria News: किराये की डिग्री पर रुद्रपुर में धड़ल्ले से चला रहे अस्पताल

Wed, 16 Apr 2025 12:28 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
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संवाद न्यूज एजेंसी
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रुद्रपुर। नगर सहित क्षेत्र में संचालित अधिकतर निजी अस्पताल किराये की डिग्री पर संचालित हो रहे हैं। बड़े शहरों के नामचीन चिकित्सकों का नाम लाइसेंस और बोर्ड पर लिखवा कर झोलाछाप मरीजों को झांसा दे रहें हैं।
इसके बदले में वह हर माह डिग्रीधारी चिकित्सक को किराया पहुंचा देते हैं। झोलाछाप अस्पताल के ऑपरेशन थियेटर में खुद ही आशा कार्यकर्ता के सहयोग से डिलीवरी करा देते हैं।
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12 अप्रैल की रात रुद्रपुर के न्यू आदर्श हॉस्पिटल में ऐसे ही झोलाछाप की करतूत से प्रसूता की मौत हो गई। 24 वर्षीय सुनैना पत्नी गोविंद निवासी झगहा थाना क्षेत्र नई बाजार की रहने वाली है।
वर्तमान में वह पिता कुश राजभर निवासी रुद्रपुर कस्बे के चौहट्टा वार्ड के साथ रह रही थी। पिता ने बताया कि बेटी को प्रसव पीड़ा होने पर एक आशा कार्यकर्ता उसे निजी अस्पताल में ले गई। मरीज का हीमोग्लोबिन लेवल सात से कम था। जबकि ऑपरेशन के लिए हीमोग्लोबिन लेवल कम से कम 10 होना चाहिए। रुपये की लालच में अस्पताल संचालक ने क्रिटिकल हालात में झोलाछाप से ऑपरेशन करवा दिया। परिणामस्वरूप शिशु की डिलीवरी के बाद मां की मौत हो गई। उन्होंने आरोप लगाया कि जिस डॉक्टर के नाम पर अस्पताल का रजिस्ट्रेशन हुआ है, वह अस्पताल पर कभी मौजूद नहीं रहते हैं। ऐसे चिकित्सक अपनी डिग्री का दुरुपयोग कर झोलाछाप से अस्पताल चलवा रहे हैं।
उपनगर, मदनपुर, पचलड़ी, पकड़ी बाजार में झोलाछाप ने बड़े पैमाने पर अस्पताल खोल रखा है। नगर के बस स्टेशन, आदर्श चौराहा, सेमरौना चौराहा, बस स्टेशन से रामचक रोड, भभौली चौराहा, दुग्धेश्वरनाथ मंदिर से पूर्वी बाईपास पर बडे़ लुभावने बोर्ड लगाकर झोलाछाप अस्पताल चला रहे। अस्पताल संचालकों ने बकायदा लाइसेंस डिग्रीधारक चिकित्सकों के कागजात लिए हैं। इन अस्पतालों में बोर्ड पर लिखे चिकित्सक किसी मरीज को देखने तक नहीं पहुंचते हैं।
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संचालक डिग्री देने वाले चिकित्सक को हर माह किराया भेजकर स्वयं मरीजों का ऑपरेशन तक की कमान संभालते है। इसकी जानकारी स्वास्थ्य विभाग के आला अफसरों को भी रहती है। स्वास्थ्य विभाग की जांच में डिग्रीधारक चिकित्सक नहीं मिलते। बावजूद इसके कोई कार्रवाई नहीं हो रही है।
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