खुखुंदू। स्थानीय चौराहे पर शुक्रवार की सुबह एक शख्स को रुमाल में लपेटे दो लाख रुपये का नोट बताकर जालसाजों ने झांसे में लिया और 20 हजार रुपये चलते बने।
कुछ देर बाद जब उसने रुमाल में लिपटे रुपयों को चेक किया तो वह कागज की गड्डी निकली। पीड़ित ने घटना की जानकारी पुलिस को देते हुए जालसाजों की खोजबीन शुरू की। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज खंगाला मगर कोई सुराग हाथ नहीं लगा।
पिपरी उर्फ बंदी निवासी राधेश्याम प्रसाद का बेटा विकास कुमार पढ़ाई करता है। उसे एडमिशन के लिए 25 हजार रुपये की जरूरत थी। राधेश्याम घर से 20 हजार रुपये लेकर चौराहे पर आया। जैन मंदिर मार्ग के पास स्थित सेंट्रल बैंक के ग्राहक सेवा केंद्र से पांच हजार रुपये निकालकर चौराहे के तरफ बढ़ने लगे।
राधेश्याम का कहना है कि सीएसपी के बाहर खड़ा एक युवक उनके पास आया और बातों में उलझाते हुए जैन मंदिर मार्ग पर लेकर चला आया। वहां जालसाज का दूसरा साथी भी मौजूद था। आरोप है कि एक जालसाज ने रुमाल में लिपटी दो लाख रुपये की गड्डी बताते हुए थमा दी और इसे पोस्ट ऑफिस में जमा करने पर 15 हजार रुपये देने का झांसा दिया।
राधेश्याम से 25 हजार रुपये ले लिए। जालसाज ने विश्वास जमाने के लिए पांच हजार रुपये देते हुए बोला कि बाकी रुपये लेकर डाकघर चलिए, हम पीछे से आ रहे हैं।
सीओ गौरव सिंह ने बताया कि पुलिस जांच-पड़ताल में जुट गई। सीसीटीवी फुटेज के जरिये जालसाजों की धड़पकड़ की जाएगी।