संवाद न्यूज एजेंसी
तरकुलवा। महुआपाटन गांव में नहर के पास लगा ट्रांसफाॅर्मर में बुधवार की दोपहर में अचानक तेज आवाज के साथ भीषण आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया। इससे अफरातफरी और चीख-पुकार मच गई। ग्रामीणों ने तत्काल फोन कर उपकेंद्र पर इसकी सूचना दी।
बिजलीकर्मियों ने आपूर्ति को बाधित किया। काफी देर बाद आग बुझी तब ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। गांव के प्रधान हीरालाल गुप्ता, पूर्व प्रधान भगवान जायसवाल, रामवृक्ष प्रसाद, जीउत प्रसाद मिश्र, सुखल प्रसाद, हरेंद्र कुशवाहा आदि का आरोप है कि चार-पांच दिन से ट्रांसफाॅर्मर खराब होने से आधे से अधिक गांव की बिजली आपूर्ति ठप थी। ट्रांसफाॅर्मर से लगातार तेल का रिसाव हो रहा था।
इसकी सूचना अवर अभियंता लवलेश सिंह सहित अन्य बिजली कर्मियों को दी गई थी, मगर संबंधित अधिकारियों ने कार्रवाई नहीं की। सोमवार को गांव के लोगों ने उपकेंद्र पर पहुंचकर आग्रह किया तो जेई की पहल के बाद ग्रामीण निगम के स्टोर पर पहुंचे और वहां से तेल लाए।
देर शाम को लाइनमैनों ने मौके पर पहुंचकर ट्रांसफाॅर्मर में ड्रिल मशीन से सुराग लगाकर तेल डालने का कार्य किया। इसके बाद भी आपूर्ति चालू नहीं हुई। दोपहर में अचानक ट्रांसफाॅर्मर ब्लास्ट हो गया और आग लग गई। धुआं और आग की लपटें निकलने लगीं जिसे देखकर ग्रामीणों में अफरातफरी मच गई।
अपनी जान बचाने के लिए लोग चीखते-चिल्लाते हुए लोग भागने लगे। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते ट्रांसफाॅर्मर की मरम्मत या उसे बदलकर दूसरा ट्रांसफाॅर्मर लगवा देते तो शायद हादसा नहीं होता।
जेई लवलेश सिंह ने बताया कि ट्रांसफाॅर्मर में आग लगने की सूचना मिलते ही बिजली कर्मचारी मौके पर पहुंचे थे। जल्द ट्रांसफॉर्मर को बदल कर आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी।