इसी वजह से उसने वारदात को अंजाम देने की योजना बनाई। घटना से पहले उसने अपनी पत्नी और बेटे को घर से बाहर भेज दिया था।आरोपी ने पुलिस को बताया कि हत्या के बाद उसने बेटी का सिर काटकर उसके कई टुकड़े किए और पड़ोस के तालाब में फेंक दिया। इसके बाद शव को छह हिस्सों में काटकर प्लास्टिक और कपड़ों में लपेटकर एक बाक्स में रख दिया।
बाद में ई-रिक्शा से संदूक को तमकुहीरोड रेलवे स्टेशन ले गया और छपरा-गोमतीनगर एक्सप्रेस के एक स्लीपर कोच में रखकर वापस लौट आया। हालांकि आरोपी की पूरी योजना उस समय विफल हो गई, जब वह स्लीपर कोच के बजाय एसी कोच की तरफ से गुजर गया और उसकी संदिग्ध गतिविधियां रेलवे स्टेशन पर लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गईं।
इसके आधार पर पुलिस आरोपी तक पहुंच गई। बुधवार दोपहर रेलवे पुलिस और सेवरही पुलिस की संयुक्त टीम आरोपी को लेकर गांव पहुंची। उसकी निशानदेही पर गोताखोरों की मदद से तालाब से सिर के टुकड़े और हत्या में प्रयुक्त हथियार बरामद कर लिया गया। घटना के बाद गांव में दहशत का माहौल है। पुलिस मामले में आगे की कार्रवाई में जुटी है।