सलेमपुर। सरकारी कार्यालयों व जनसेवा केंद्रों पर लोग खुद की पहचान बताने के लिए चक्कर काट रहे हैं। हर दिन तहसील, जनसेवा केंद्र व आधार संशोधन केंद्र पर भीड़ लग रही है। कोई आधार सही तो कोई केवाईसी कराने के लिए लिए दिनभर कार्यालयों के चक्कर काटने को मजबूर है, दिन भर भागदौड़ के बाद शाम को काम न होने पर लोग सरकार और सरकारी बाबुओं को कोस रहे हैं।
इन दिनों फार्मर रजिस्ट्री, फैमिली आईडी, अपार आईडी, ई-केवाईसी, पेंशन, राशन कार्ड सहित कई सरकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए लोग कार्यालयों के चक्कर काट रहे हैं। इसमें बुजुर्ग से लेकर युवा, बच्चे और महिलाएं भी परेशान है। नाम में अंतर से फार्मर रजिस्ट्री में पेंच फंस गया है।
इससे तहसील में प्रतिदिन 70 से 80 किसान कागजों को दुरुस्त करने के लिए पहुंच रहे है। किसी के खतौनी में नाम दुरुस्त नहीं है, तो किसी का आधार कार्ड में नाम गड़बड़ है। उप डाकघर में आधार संशोधन के लिए 100 से 150 लोग पहुंच रहे है। इस बीच कहीं सर्वर की समस्या तो कहीं अधिक भीड़ के कारण लोगों को मायूस होकर लौटना पड़ रहा है।
लोगों ने बयां किया दर्द : लार ब्लॉक के चुरिया गांव निवासी राम दुलार ने बताया कि खतौनी में उनका नाम राम दुलारे हो गया है। जिसके चलते मेरा फॉर्मर रजिस्ट्री नहीं हो पा रहा है। इसके लिए मैं तहसील का चक्कर लगा रहा हूं। तहसील क्षेत्र के खुखुन्दू गांव के रहने वाले शमसुद्दीन ने बताया कि खतौनी में मेरे पिता का ओली के जगह बलि हो गया है। फार्मर रजिस्ट्री के लिए जनसेवा केंद्र पर गए थे, केंद्र संचालक ने खतौनी में नाम में गड़बड़ी बताई।