सलेमपुर। ब्लॉक के भींटा भरौली गांव निवासी दिव्यांग समेत तीन बहनों और दो भाईयों ने मां के मृत्यु प्रमाणपत्र के लिए सात साल से ब्लॉक और पंचायत कार्यालय के चक्कर काट रहे हैं। पीड़ित परिवार सोमवार को तहसीलदार अलका सिंह से मुलाकात कर न्याय की गुहार लगाई। मामले को गंभीरता से लेते हुए तहसीलदार ने ग्राम पंचायत सचिव को फोन कर तत्काल मृत्यु प्रमाणपत्र जारी करने का निर्देश दिया।
साथ ही चेतावनी दी कि यदि प्रमाणपत्र जारी नहीं हुआ तो ग्राम पंचायत सचिव के खिलाफ उच्चाधिकारियों को पत्र लिखा जाएगा। भींटा भरौली गांव निवासी राजकिशोर रेलवे विभाग में ट्रैक मैन के पद पर कार्यरत थे।
एक अक्टूबर 2017 को उनका निधन हो गया। इसके बाद रेलवे विभाग की ओर से नौकरी से संबंधित औपचारिकताएं पूरी करने और छोटी बेटी पुष्पा कुमारी को पेंशन दिलाने और बड़े बेटे को नौकरी दिलाने के लिए उनकी पत्नी मधुरानी देवी के मृत्यु प्रमाणपत्र की मांग की।
परिवार के लोगों के मुताबिक उनकी पत्नी मधुरानी देवी का 24 जनवरी 1990 को निधन हो चुका है, जिसके बाद पंचायत के तरफ से कुटुंब रजिस्टर में मधुरानी देवी की मृत्यु दर्ज है। संवाद