सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सलेमपुर में मासूम की आंख की जांच करते एडिशनल सीएमओ डॉ. अजित सिंह। सं
सलेमपुर। ठंड के मौसम के साथ ही आंखों से जुड़ी समस्याओं में तेजी से इजाफा हो रहा है। सर्द हवाओं और वातावरण में नमी की कमी के कारण आंखों की प्राकृतिक नमी घट रही है, जिससे लोगों को एलर्जी, खुजली, जलन और लालिमा जैसी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। आंखों की नमी कम होने से कई लोगों की नजर भी धुंधली हो रही है।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की ओपीडी में रोजाना 45 से 50 मरीज आंखों से संबंधित समस्याओं के साथ पहुंच रहे हैं। बृहस्पतिवार की दोपहर करीब दो बजे तक ओपीडी में रामू, राधिका, आशुतोष, रोहन गुप्ता, उमेश, राजीव समेत 12 मरीजों में आंखों की नमी कम होने और एलर्जी के लक्षण पाए गए।
जिले के एडिशनल सीएमओ एवं सीएचसी में तैनात नेत्र रोग सर्जन डॉ. अजित सिंह ने सभी मरीजों को आवश्यक दवाएं और परामर्श दिया। नेत्र रोग विशेषज्ञ के अनुसार सर्दियों में खांसी-जुकाम की समस्या बढ़ जाती है।
छींक और खांसी के दौरान फैलने वाले सूक्ष्म कण आंखों में जाकर एलर्जी का कारण बनते हैं। इसके अलावा ठंड से बचाव के लिए अलाव और हीटर का अधिक उपयोग भी आंखों की नमी को तेजी से कम कर रहा है।
एडिशनल सीएमओ एवं नेत्र रोग सर्जन डॉ. अजीत सिंह ने बताया कि अलाव और हीटर से निकलने वाला धुआं आंखों में जलन, खुजली और लालिमा की वजह बन रहा है। लंबे समय तक धुएं के संपर्क में रहने से ड्राई आई की समस्या गंभीर रूप ले सकती है।
उन्होंने कहा कि आंखों में सूजन, जलन और नजर धुंधली होने की शिकायत होने पर लापरवाही न बरतें। साथ ही सर्दी के मौसम में आंखों की विशेष देखभाल करें।