बरहज क्षेत्र में जलाई जा रही पराली संवाद
बरहज। राष्ट्रीय हरित अधिकरण और राज्य सरकार की ओर से पराली जलाने पर प्रतिबंध लगाया गया है। इसके बावजूद बेखौफ लोग पराली जलाने से परहेज नहीं कर रहे हैं। शाम के समय धुआं उठने के कारण सड़क पर धुंध छा जा रही है, जिससे सड़क पर सांस लेना मुश्किल हो जा रहा है। वहीं लोगों के आंखों में जलन हो रही है। इससे जिम्मेदार भी बेपरवाह हैं।
धान की फसल कटने के साथ रबी की बुआई शुरू हो गई है। अधिकांश जगहों पर लोग आखिरी समय में हुए बारिश के पानी का फायदा उठाते देखे जा रहे हैं, जिसको लेकर लोग खेतों में फसल के कटे अवशेषों को जलाने से परहेज नहीं कर रहे हैं।
नगर-क्षेत्र सहित भलुअनी, मगहरा, करुअना, सोनाड़ी, गड़ेर, वीरपुर मिश्र, पैना, कपरवार, बरांव, देवपार आदि क्षेत्रों में अधिकांश जगहों पर लोग पराली जला रहे हैं। खेतों में पराली जलने से धुआं उठ रहा है, जिससे रास्ता चलने वालों के आंखों में जलन होने लग रही है। एसडीएम विपिन कुमार द्विवेदी ने बताया कि लेखपालों को जांच कर कार्रवाई के लिए निर्देशित किया गया है।
पराली से उठी चिंगारी से तीन किसानों की जली धन की फसल
कपरवार। स्थानीय गांव के पश्चिमपुरा मोहल्ले में रविवार को पराली से उठी चिंगारी से धान की फसल में आग लग गई। जिसमें तीन किसानों की फसल जल गई है। कुछ एक को छोड़ अधिकांश किसानों के धान के खेतों की कटाई हो चुकी है। लोगाें के अनुसार कुछ किसान अपने खेत की पराली जला रहे थे। इसी बीच उठी चिंगारी से गांव की कमला देवी, महातम प्रसाद, जोगी गुप्त की कुछ फसल जल गई है। एसडीएम विपिन कुमार द्विवेदी ने बताया कि मामला संज्ञान में नहीं है। पता कराता हूं। संवाद