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छत से बंदर ने दिया धक्का, इलाज के अभाव में मौत

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छत से बंदर ने दिया धक्का, इलाज के अभाव में मौत
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मेडिकल कॉलेज से भेजा गया था पीजीआई, रकम के अभाव में घर वाले ले आए गांव
घटना के वक्त इब्राहिम अंसारी मोबाइल फोन से कर रहे थे बात
संवाद न्यूज एजेंसी
बघौचघाट(देवरिया)। छत पर खड़े होकर शनिवार शाम को मोबाइल फोन से बात कर रहे एक व्यक्ति को बंदर ने धक्का दे दिया। इससे वह नीचे गिरकर घायल हो गया। घरवाले उन्हें जिला अस्पताल ले गए। यहां से मेडिकल कॉलेज गोरखपुर और फिर पीजीआई, लखनऊ ले जाने को कहा गया। रकम के अभाव में घरवाले घायल को गांव ले आए। उपचार के लिए अभी चंदा जुटाया जा रहा था, इससे पहले ही रविवार दोपहर इब्राहिम की मौत हो गई।
तरकुलवा थाना क्षेत्र के सिधावे निवासी इब्राहिम अंसारी (50) मुंबई में काम करते थे। तीन दिन पहले वे घर आए थे। शनिवार शाम को छत पर खड़े होकर मोबाइल से किसी से बात कर रहे थे। तभी एक बंदर उन्हें छत से नीचे धक्का दे दिया। इससे इब्राहिम छत से नीचे सड़क पर जा गिरे और सिर में गंभीर चोट आई। परिजन ने उनको एंबुलेंस से जिला अस्पताल ले गए। जहां हालत नाजुक देख डाक्टरों ने मेडिकल कॉलेज गोरखपुर के लिए रेफर कर दिया। यहां से डाक्टरों ने लखनऊ पीजीआई रेफर कर दिया। रकम के अभाव में परिजन घर ले आए। जहां रविवार दोपहर में उनकी मौत हो गई। परिजनों के अनुसार माली हालत ठीक नहीं है। गांव के लोगों ने इलाज के लिए चंदा जुटा रहे थे। इसी बीच इब्राहिम की मौत हो गई। उनके एक एक लड़का था जो पहले ही मर चुका है। पत्नी भी जीवित नहीं हैं, घर में सिर्फ एक बहू है। वहीं गांव के लोगों ने चंदा लगाकर उनका अंतिम संस्कार कर दिया।
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ग्रामीण बोले, काश पहले एकत्र कर लेते चंदा
बघौटघाट। बंदर के धक्का देने के मामले में घायल इब्राहीम की मौत को लेकर ग्रामीण दुखी हैं। हरिशचंद्र भारती, मनोज भारती, साहबजान, किताब अंसारी आदि ग्रामीणों का कहना है कि गांव के लोग इलाज के लिए चंदा इकठ्ठा कर रहे थे कि इब्राहिम की मौत की खबर मिली। काश! हम लोग पहले चंदा एकत्र कर लेते तो शायद इब्राहिम बच
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