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Deoria News: मेडिकल कॉलेज में अनियंत्रित भीड़ के पहुंचने से बाहर निकले डॉक्टर

Sat, 25 May 2024 01:28 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
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डॉक्टर के चारों तरफ कुर्सी से सटकर खड़े हो गए मरीज
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फिर बिजली के कटने से जारी रहा सिलसिला
- फोटो
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। मेडिकल कॉलेज में एक ही बार झुंड में मरीज डॉक्टर के कक्ष में पहुंच जा रहे हैं। इससे इलाज करने में डॉक्टरों को परेशानी हो रही है। वहीं, बारी-बारी से आने की बात कहने पर कर्मचारी से लोग भिड़ जा रहे हैं।
शुक्रवार को अचानक भीड़ के आने से एक सीनियर डॉक्टर नाराज होकर बाहर निकल गए। जूनियर डॉक्टर के समझाने पर लोग निकले। इसके बाद मरीजों का आसानी से इलाज किया गया। वहीं, बिजली के कटने का सिलसिला जारी रहा। करीब 40 मिनट तक बिजली गुल रही।
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महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल कॉलेज में जिले के विभिन्न हिस्सों और बिहार प्रांत के सीमावर्ती क्षेत्रों के लोग इलाज कराने आते हैं। शुक्रवार को 2000 हजार से अधिक लोगों ने रजिस्ट्रेशन कराया। इसके अलावा करीब 1200 से अधिक पुराने मरीज आए थे। हर मरीज के साथ तीमारदार भी थे। पर्ची लेने के लिए करीब 1:10 बजे तक लोग कतार में खड़े थे।
उधर, मेडिसिन वार्ड में दस बजे से ही लंबी कतार लग गई। डॉ. विजय गुप्ता, डॉ. गौरव, डॉ. सरफराज ने करीब 450 मरीजों का इलाज किया। सभी डॉक्टर मरीज देख रहे थे। इसी बीच करीब 1:10 बजे एक ही बार मरीजों की भीड़ कक्ष में घुस गई। डॉक्टर के कुर्सी, मेज के चारों तरफ लोग सट कर खड़े हो गए। इससे घुटन महसूस होने लगी। मना करने के बाद भी लोग नहीं माने तो सीनियर डॉक्टर कक्ष से बाहर निकल गए। जूनियर डॉक्टरों व कर्मचारी के समझाने पर लोग किसी तरह निकले, इसके बाद बारी-बारी से सभी मरीजों का इलाज किया गया।
चर्म रोग विभाग में डॉ. अजीत पाल ने 180 से अधिक मरीजों का इलाज किया। चेस्ट में डॉ. अनुराग शुक्ला, डॉ. ज्योति सिंह ने 135 मरीजों का इलाज किया। मानसिक विभाग में डॉ. अंबु पांडेय ने 80 से अधिक, नेत्र में डॉ. कन्हैया प्रसाद, डॉ. अदिती, डॉ. आकांक्षा ने 250 मरीजों इलाज किया। आर्थो में डॉ. गौरव सिंह, डॉ. शुभम, डॉ. शंभू ने 350 से अधिक मरीजों का इलाज किया। यहां भी मरीजों की भीड़ रही। बिना नंबर के अंदर जाने को लेकर लोगों ने हो-हल्ला किया। वहीं, ओपीडी चल ही रही थी कि करीब 11:35 बजे बिजली कट गई, जिससे कुछ देर के लिए ओपीडी में अंधेरा हो गया। उमस भरी गर्मी में मरीज और तीमारदार परेशान हो गए। जेनरेटर चलाकर आपूर्ति शुरू कर दी गई, जिससे कार्य नहीं प्रभावित हुआ।

बिजली कटने पर बंद नहीं रहेगी एक्स-रे जांच
मेडिकल कॉलेज में बिजली की आंख मिचौली से दिक्कत हो रही है। आपूर्ति कटने पर डिजिटल एक्स-रे मशीन ठप हो जाती है और जांच बंद हो जाती है। इससे मरीजों को उमस भरी गर्मी में परेशानी का सामना करना पड़ता है। इसे देखते हुए मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने जेनरेटर से जोड़ दिया है। अब बिजली जाने पर चेंजर बदलने के बाद मशीन चालू हो जाएगी। इससे मरीजों और कर्मचारियों को सहूलियत होगी।
बुधवार को सुबह करीब 10:30 से करीब एक बजे तक बिजली रुक-रुक कर करीब चार बार कुछ देर के लिए कटी, जिससे दिक्कत हुई। बिजली जाने पर डिजिटल एक्स-रे मशीन बंद हो जा रही थी। इसे देखते हुए बृहस्पतिवार को उसे जेनरेटर से कनेक्शन दे दिया गया। शुक्रवार को आपूर्ति ठप होने पर भी कार्य बाधित नहीं हुआ।

रैंप टूटा होने से महिला गिरी
मेडिकल कॉलेज के ओपीडी भवन के पूर्वी गेट से मरीजों को इमरजेंसी से स्ट्रेचर व व्हील चेयर से लाने के लिए रैंप बनाया गया है। पर उसका फर्श टूट गया है और गड्ढा हो गया है। उधर से स्ट्रेचर व व्हील चेयर से मरीज को ले जाने दिक्कत होती है। शुक्रवार को एक महिला बच्चे को लेकर ओपीडी से बाहर निकल रही थी। इसी बीच गड्ढे में उसका पैर चला गया और वह गिर गई। लोगों ने उसे उठाया। आए दिन इस तरह की घटना होती है, लेकिन किसी का ध्यान नहीं है।
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कोट
अस्पताल में कुछ देर के लिए बिजली कटी थी, लेकिन ओपीडी सहित अन्य जगह जेनरेटर से आपूर्ति दी गई। अब डिजिटल एक्स-रे मशीन को भी जोड़ दिया गया है। इसके चलते से कहीं भी कार्य प्रभावित नहीं हुआ। रैंप ठीक करा दिया जाएगा।
-डॉ. एचके मिश्रा, सीएमएस
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