लोगों के साथ मंदिर पर बैठे मझौलीराज दीर्घेश्वरनाथ के महंत।
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सलेमपुर। दीर्घेश्वरनाथ मंदिर का कपाट दूसरे दिन भी नहीं खुला। श्रद्धालुओं को शिवलिंग का बिना दर्शन किए लौटना पड़ा। मंदिर पर डीएम, एसपी के आने की मांग करते हुए महंत और साधुओं ने सुरक्षा मुहैया कराने के जिद पर अड़े हैं। तहसीलदार ने महंत से मिलकर समस्या सुनी। मंदिर पर एक सिपाही की ड्यूटी लगाई गई है। हमले के तीन आरोपी जेल भेज दिए गए।
मझौलीराज नगर के दीर्घेश्वरनाथ मंदिर की जमीन पर मठिया टोले के कुछ दबंगों की निगाह है। राजनीतिक दबाव में चौकी इंचार्ज दबंगों को संरक्षण दे रहे हैं। पुलिस के रवैये से आहत महंत जगरनाथ दास महाराज और भक्तों ने मंदिर को स्थायी सुरक्षा मुहैया कराने और विवाद करने वालों पर कार्रवाई की मांग को लेकर मंदिर का कपाट बृहस्पतिवार की शाम को बंद कर दिया। शुक्रवार को मंदिर पहुंचे श्रद्धालुओं को बाहर से पूजा कर लौटना पड़ा।
सूत्रों की मानें तो कोतवाली पुलिस डीएम और एसपी को झूठी सूचना दे रही है। महंत ने मंदिर पर डीएम व एसपी के आने की मांग की है। तहसीलदार राहुल देव ने मंदिर का निरीक्षण किया और महंत की समस्या सुनी। पुलिस ने महंत पर हमला करने वाले रूदल यादव, जयराम यादव, मैनेजर यादव एसडीएम कोर्ट में पेश किया। एसडीएम ने तीनों को जेल भेज दिया।