डॉ.गिरीश नारायण गुप्ता से एक करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने वाला बदमाश पुलिस के शिकंजे में आ गया है।
शहर के डॉक्टर गिरीश नारायण गुप्ता के मोबाइल पर लगातार एक माह से ऋषिमुनी तिवारी के नाम पर एक करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी जा रही थी। डॉक्टर ने गुरुवार को कोतवाली पुलिस को सूचना दी।
कोतवाली पुलिस ने रंगदारी मांगने वाले बदमाशों के खिलाफ केस दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी।
नेपाल के अलावा एसपी ने दर्जन भर पुलिस नंबर को सर्विलांस पर दिया जिसमें एक नंबर से डॉक्टर से रंगदारी मांगने की बात सामने आई। शुक्रवार को रंगदारी मांगने के मामले में क्राइम ब्रांच और कोतवाली पुलिस ने कई लोगों केे हिरासत में लिया। खुद एसपी प्रभाकर चौधरी ने संदिग्धों से पूछताछ की। सूत्रों की मानंे तो पकड़े गए बदमाश कई लोगों से रंगदारी मांग चुके हैं जिसमें अपर निदेशक आजमगढ़ का कोषागार रामानंद पासवान भी शामिल है। रामानंद रामपुर कारखाना के सवरेजी के रहने वाले हैं।
गोरखपुर के खोराबार में परिवार के साथ रहे हैं। रामानंद ने पांच करोड़ रुपये की रंगदारी मानने की बात कही थी। रामानंद से भी रंगदारी मांगने वाले थे, वे नेपाल से फोन कर रहे थे।
प्रभारी कोतवाल अनिल पांडेय ने बताया कि ऋषिमुनी तिवारी के नाम से रंगदारी मांगी जा रही है। अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है। कोतवाल ने बताया कि ऋषिमुनी तिवारी जेल से बाहर है। उसके बारे में पता किया जा रहा है।