विवादों में रहने वाले सलेमपुर कोतवाल हटाए गए
एसपी ने गुरुवार की रात आठ इंस्पेक्टर/सब इंस्पेक्टर का कार्यक्षेत्र बदला
तीन की थानेदारी छीनी, दो का कार्यक्षेत्र बदला गया, तीन को मिला मौका
अमर उजाला ब्यूरो
देवरिया। विवादों से नाता रखने वाले इंस्पेक्टर सीपी जैसल समेत तीन की थानेदारी छीन गई है। तीन को मौका मिला है तो दो का कार्यक्षेत्र बदल दिया गया है। गुरुवार की रात एक साथ हुए इस बदलाव से पुलिस महकमे में हड़कंप है।
सलेमपुर कोतवाल सीपी जैसल का विवादों से पुराना नाता है। रुद्रपुर कोतवाल रहते हुए उनका विवाद वकीलों से हुआ था। सलेमपुर में भी वह कई मामलों में विवादित रहे। रुपये लेने का ऑडियो वायरल हुआ था। भाजपा कार्यकर्ताओं से भी भिड़ गए थे। इस पर भाजपा जिलाध्यक्ष डॉ. अंतर्यामी सिंह ने उन्हें हटाने के लिए पत्र लिखा था। लोकसभा चुनाव और ईद के चलते एसपी ने बदलाव नहीं किया। गुरुवार को हुए बदलाव में उन्हें अपराध शाखा भेजा गया। बघौचघाट प्रभारी प्रदीप शर्मा भी विवादित रहे। चोरी के आरोप में किशोर को करंट लगाने, पिछले दिनों मुर्गा बेचने वाले से रुपये मांगने का ऑडियो वायरल हुआ। उन्हें भी अपराध शाखा भेजा गया है। भाटपाररानी एसओ रहे सुदेश शर्मा क्षेत्र में हुई कई हत्याओं के पर्दाफाश में असफल रहे। एसपी ने उन्हें अपराध शाखा में तैनात किया है। अपराध शाखा में तैनात इंस्पेक्टर जयंत कुमार सिंह को बघौचघाट, एसपी के वाचक शिवशंकर चौबे को भाटपाररानी, पुलिस लाइंस से अनिल सिंह को रामपुर कारखाना थाने की जिम्मेदारी मिली। वहीं, रामपुर कारखाना के एसओ विनय सिंह को गौरीबाजार एसओ, गौरीबाजार थाने के प्रभारी अरुण मौर्य को सलेमपुर का कोतवाल बनाया गया है। एसपी किरीट राठोड ने बताया कि जिले की कानून-व्यवस्था को ठीक रखने के लिए इंस्पेक्टर/सब इंस्पेक्टर के कार्यक्षेत्र में बदलाव किया गया है।