फोर्स के साथ एक-एक बैरक को खंगाला, अतीक और उसके करीबियों पर रही खास निगाह
रात नौ बजे अचानक धमके अफसर, सकते में जेल प्रशासन
जांच के दौरान कई महत्वपूर्ण सुराग व आपत्तिजनक सामग्री मिलने की रही चर्चा
अमर उजाला ब्यूरो
देवरिया। रियल एस्टेट कारोबारी के अपहरण और जिला जेल में पिटाई कर रंगदारी मांगने के मामले में रविवार की रात प्रशासन हरकत में आ गया। आनन फानन में रात करीब 9 बजे डीएम अमित किशोर और एसपी एन.कोलांचि ने भारी फोर्स के साथ जेल में छापा मारा। उनके साथ एडीएम, सीओ सहित कई थानों की फोर्स भी मौजूद रही। टीम देर रात तक जेल के अंदर बैरकों की तलाशी सहित बंदियों से पूछताछ में जुटी रही।
लखनऊ के कारोबारी मोहित जायसवाल को दो दिन पूर्व अपहरण कर अतीक के गुर्गे जिला जेल लाए थे। आरोप है कि यहां उसकी पिटाई की गई और फिर जबरन उससे कई प्रापर्टी के कागजातों पर दस्तखत करा लिए गए। उससे रंगदारी भी मांगी गई। किसी तरह उनसे बचकर निकले मोहित ने लखनऊ के कृष्णानगर थाने में केस दर्ज कराया। मामला सुर्खियों में आने के बाद रविवार की रात डीएम अमित किशोर और एसपी एन.कोलांचि जिला जेल पहुंचे। इससे पहले जिले के सभी थानों की फोर्स को पुलिस लाइन में बुलाया गया। यहां से सभी सीधे जिला जेल पहुंचे। जेल के अंदर अफसरों ने एक-एक बैरकों में जाकर गहन तलाशी ली। अतीक और उसके करीबी खास तौर से निशाने पर रहे। प्रशासन ने जेल में बंद अन्य बदमाशों की बैरकों को भी खंगाला। जेल में मुलाकाती रजिस्टर सहित अन्य आगंतुकों से जुड़े रजिस्टर की भी जांच की। देर रात छापेेमारी चलती रही। अचानक हुई इस कार्रवाई से खलबली मची रही। बंदी रक्षक और जेल के बंदी भी सकते में रहे। बताते हैं कि जांच के दौरान कई महत्वपूर्ण तथ्य व आपत्तिजनक चीजें अफसरों के हाथ लगी हैं। इस बाबत डीएम अमित किशोर ने बताया कि जेल के बैरकों की जांच की जा रही है। हर तथ्यों को खंगाला जा रहा है। मामले में जिस स्तर पर लापरवाही मिलेगी, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।