मईल (देवरिया)। क्षेत्र के चकरा गोसाई गांव में शनिवार को एक व्यवसायी की सदमे में मौत हो गई। आरोप है कि पुश्तैनी मकान तुड़वाकर बनवा रहे व्यवसायी का निर्माण कार्य कांग्रेस जिलाध्यक्ष के प्रधान प्रतिनिधि भाई ने ग्रामसभा की जमीन बताकर रोक दिया था। काम शुरू कराने के लिए दो लाख रुपये मांगे थे, बिना रुपये दिए निर्माण कराने पर गोली मारने की धमकी दी थी। सदमे में शनिवार को व्यवसायी की मौत हो गई। गांव के लोगों ने सड़क पर शव रखकर मईल-मगहरा मार्ग जाम कर दिया। पुलिस ने इस मामले में आरोपी कांग्रेस जिलाध्यक्ष और उनके दो अन्य भाइयों पर केस दर्ज कर जाम समाप्त कराया।
चकरा गोसाई के तारकेश्वर मद्धेशिया के मुताबिक उसके पिता गया मद्धेशिया (55) अपना तीन मंजिला पुश्तैनी मकान तुड़वाकर नए सिरे से बनवा रहे थे। आरोप है कि 12 नवंबर को प्रधान प्रतिनिधि गणेश गिरी पहुंचे और गांव सभा की जमीन बताकर काम रुकवा दिया। ग्राम सभा की जमीन बताते हुए निर्माण शुरू करने के लिए दो लाख रुपये मांगे। तारकेश्वर का आरोप है कि गणेश और उनके कांग्रेस जिलाध्यक्ष भाई रामजी गिरी व भगवान गिरी के साथ मिलकर रुपये न देने पर गोली मारने की धमकी भी दी थी। आरोपियों के उत्पीड़न से गया गहरे सदमे में आ गए। शुक्रवार को तबीयत बिगड़ने पर उन्हें एम्स गोरखपुर ले जाया गया जहां देर रात मौत हो गई। शनिवार की परिजन शव लेकर घर पहुंचे। ग्रामीणों की मदद से सड़क जाम कर दी। जानकारी मिलने पर सीओ बरहज आदित्य गौतम और तहसीलदार अलका सिंह मौके पर पहुंचीं।