संवाद न्यूज एजेंसी देसही देवरिया। हाटा-देवरिया मार्ग पर बस सेवा शुरू कराने की क्षेत्रीय लोगों की चली आ रही बहुप्रतीक्षित मांग परवान नहीं चढ़ पा रही। लोगों को 28 किमी दूरी प्राइवेट वाहनों के सहारे तय करनी पड़ती है। सबसे अधिक दिक्कत छात्रों और मरीजों को हो रही है। परीक्षा देने पहुंचने में अक्सर विलंब हो जाता है।
देवरिया-हाटा जिले का मुख्य मार्ग है। 28 किमी लंबा यह मार्ग डबल लेन है। यात्रियों को प्राइवेट वाहनों का सहारा लेना पड़ता है। मनमाने तौर पर भाड़ा देकर आने-जाने को विवश हैं।
हाटा से देवरिया का किराया 80 रुपये है। सबसे अधिक दिक्कत इलाज कराने मेडिकल कॉलेज जाने वाले मरीजों और छात्रों को होती है। समय से पहुंचने में घर से काफी पहले निकलना पड़ता है। हालांकि यह विधानसभा क्षेत्र प्रदेश की वीआईपी विधानसभाओं में से एक है।
रामपुर गौनरिया गांव के हरिद्वार मद्धेशिया, सत्येंद्र मद्धेशिया, सेमरहा के भगवान चौहान, चिउरहा के महेंद्र यादव, अमारी झांगा के शिवनारायण, बसंतपुर के बैरिस्टर सिंह आदि ने बताया कि इस मार्ग पर बस चलाया जाना बहुत जरूरी है। कई बार परिवहन निगम के क्षेत्रीय कार्यालय से इस संबंध में मांग की जाती रही है, जिम्मेदार ध्यान ही नहीं दे रहे हैं।