देवरिया। भाजपा के पथरदेवा मंडल अध्यक्ष और तरकुलवा एसओ के बीच विवाद का वीडियो वायरल हुआ है। इसमें मंडल अध्यक्ष संजय सिंह कड़े लहजे में एसओ को हिदायत दे रहे हैं। एक बड़े स्थानीय जनप्रतिनिधि का उल्लेख करते हुए कह रहे हैं कि थाना प्रभारी रहना है तो सुननी पड़ेगी, नहीं तो थाना छोड़ कर चले जाओ। नहीं जाओगे तो आर-पार करना पड़ेगा। एसओ पर धनउगाही का भी आरोप लगाया। मजेदार बात है कि सार्वजनिक तौर पर कई गंभीर आरोप लगने के बाद भी एसओ अपनी सफाई में यही कहते रहे कि वह खुद लिखकर दे दे रहे हैं, मुझे यहां नहीं रहना है। पुलिस के उच्चाधिकारियों ने मामले से अनभिज्ञता जताते हुए जांच की बात कही है।
वायरल वीडियो दो दिन पहले का है। पथरदेवा में आयोजित एक कार्यक्रम में मंडल अध्यक्ष संजय सिंह और तरकुलवा एसओ विनय सिंह आमने-सामने हुए। एसओ को देखते ही मंडल अध्यक्ष बिफर पड़े। मोबाइल चोरी के एक मामले में पांच दिन तक युवक को हिरासत में रखकर पिटाई करने का आरोप लगाते हुए खूब खरी-खोटी सुनाई। कहा कि केवल पैसा लेकर काम हो रहा है। आए दिन चोरी हो रही है किसी मामले में कोई खुलासा नहीं। जो पैसा नहीं देता, उसके खिलाफ कार्रवाई हो रही है। पूरा क्षेत्र परेशान है। थाने के सिपाही, कर्मचारी भी त्रस्त हो चुके हैं। अब ऐसा नहीं चलेगा। खुद चले जाओ, नहीं तो आर-पार का विरोध झेलने को तैयार रहो। जवाब में एसओ भी अपनी बात रखते हुए कह रहे हैं कि वह गलत काम नहीं करते। अब तो उन्हें खुद यहां नहीं रहना। लिख कर दे दे रहा हूं। वायरल वीडियो को लेकर एक तरफ सत्ताधारी दल के नेता की दबंगई की चर्चा है तो दूसरी ओर एसओ की कार्यप्रणाली भी विवादों में है। बहरहाल, इस बाबत संजय सिंह का कहना था कि एक मामले में वह नाराजगी जता रहे थे, किसी ने वीडियो बना लिया होगा। वह सिर्फ एसओ को उनकी सच्चाई बता रहे थे। भ्रष्टाचार के कई उदाहरण उनके पास हैं। इस बाबत सीओ सिटी वरुण मिश्र का कहना है कि मामला संज्ञान में नहीं है। ऐसा है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।