देसही देवरिया। बैतालपुर क्षेत्र के नरायनपुर गांव स्थित शिव मंदिर पर चल रहे नौ दिवसीय रुद्र महायज्ञ का शनिवार को पूर्णाहुति हुआ। क्षेत्र के श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण कर पुण्यलाभ अर्जित किया। कथावाचक शुभम शास्त्री ने श्रोताओं को कथा का रसपान कराया।
कथावाचक शुभम शास्त्री ने श्रोताओं को मानवता का संदेश देते हुए कहा कि जीवन बड़ा मूल्यवान है। सही और नेक कार्य करके इसे सार्थक बनाया जा सकता है। मनुष्य अपने निष्पाप कर्म के बल पर समाज में अपनी अमिट पहचान बनाता है। जिस इंसान के अंदर ज्ञान का बोध नहीं है वह पशु के समान है।
उन्होंने कहा कि सीता के साथ राम वन से अयोध्या वापस लौटे तो कुछ लोगों ने माता सीता के चरित्र पर ही सवाल उठा दिया। राम ने प्रजापालक होने का दायित्व निभाया, सीता का त्याग कर दिया। महर्षि बाल्मीकि और अपनी माता सीता के साथ अयोध्या पहुंचे लव और कुश ने मां की दुखदाई गाथा गाकर सबको द्रवित कर दिया। संवाद