-डेंगू जागरूकता सप्ताह का जिलाधिकारी ने किया शुभारंभ
- झंडी दिखाकर जागरूकता वाहनों को किया रवाना
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। राष्ट्रीय वेक्टर जनित रोग नियंत्रण कार्यक्रम के तहत डेंगू जागरूकता सप्ताह का शुभारंभ सोमवार को जिलाधिकारी दिव्या मित्तल ने कलक्ट्रेट से वाहनों को झंडी दिखाकर रवाना कर किया। साथ ही नगर पालिका व मलेरिया विभाग की टीम ने अबूबकर नगर वार्ड में घर-घर लार्वा सर्वे, सोर्स रीडक्शन, एंटी लार्वा का छिड़काव कराया गया। नगर पंचायतों में डेंगू जागरूकता गतिविधियां कराई गईं।
जिलाधिकारी ने कहा कि 18 अगस्त तक डेंगू जागरूकता सप्ताह मनाया जा रहा है। इसके तहत विशेष जागरूकता अभियान चलाकर लोगों को इससे बचाव के तरीके बताए जाएं। नगर, कस्बों, गांवों, रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड कहीं भी जलभराव की स्थिति न उत्पन्न होने दें। इसके अलावा टायर की दुकानों, नारियल पानी के फेंके गए गोले को निगरानी करके साफ कराएं। लोगों को जागरूक करें, ताकि किसी भी दशा में यह बीमारी जिले में उत्पन्न न होने पाए।
सीएमओ डॉ. राजेश झा ने बताया कि महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल कॉलेज से संबद्ध जिला चिकित्सालय में मच्छरदानी सहित वर्तमान में मच्छरदानी रहित 20 बेड और सभी सीएचसी पर पांच बेड का वार्ड तैयार किया गया है। मेडिकल काॅलेज सहित सभी सीएचसी, पीएचसी और हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर पर दवाओं के साथ डेंगू जांच किट पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध कराने को कहा गया है। शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्र के वार्डों में एंटी लार्वा केमिकल का छिड़काव कराया जा रहा है।
इस दौरान नोडल अधिकारी वेक्टर बार्न डिजिज कंट्रोल प्रोग्राम डॉ. हरेंद्र कुमार, नगर पालिका ईओ संजय तिवारी, जिला मलेरिया अधिकारी सीपी मिश्रा, सहायक मलेरिया अधिकारी सुधाकर मणि सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
डेंगू से बचाव के उपाय
-मच्छर से बचने के लिए फुल आस्तीन के कपडे़ पहने, सोते समय मच्छरदानी , मच्छर भगाने वाली अगरबत्ती, रैपिलेंट आदि का उपयोग करें
-घर के आस-पास गड्ढों में पानी जमा न होने दें, पानी की निकासी संभव न हो तो जला हुआ ऑयल व मिट्टी का तेल डाल दें।
- घर में पानी से भरे हुए बर्तन, टंकी, मटका, बाल्टी आदि क अच्छी तरह ढंक कर रखें।
-घर के अंदर रखे कूलर, टंकी, मटका, बाल्टी आदि का पानी तीन से चार दिन में बदलते रहे, सूखा कर ही दोबारा भरें।
- पानी में छोटे-छोटे कीड़े (लार्वा) दिखाई दे तो सूखी जगह पर पानी को फैला दें।
-परिवार के किसी व्यक्ति को डेंगू बुखार आता है तो उसे मच्छरदानी में ही सुलाएं, अन्यथा घर के अन्य सदस्य को डेंगू का संक्रमण हो सकता है।