भागलपुर। भाटपार मेहरौना, कपरवार के बाद बलिया-देवरिया का बाॅर्डर चौकी पुलिस के निशाने पर है। हालांकि भागलपुर पुल से भारी वाहनों का आवागमन नौ फिट ऊंचा हाईटगेट बैरियर लगाकर बंद कर दिया गया है। नदी का दियारा इलाका सुनसान होने के कारण पुलिस की कड़ी निगाह है।
शुक्रवार की शाम अपर पुलिस अधीक्षक दक्षिणी सुनील कुमार सिंह, क्षेत्राधिकारी भाटपार अंशुमान श्रीवास्तव, सात थाने भाटपार, भटनी, खुखुंदू, लार, श्रीरामपुर, बनकटा, मईल के साथ भागलपुर पुल पर स्थित भागलपुर चौकी पर पहुंचे। सीएम के निर्देश के बाद पशु तस्करी पर रोकथाम के लिए जिस तरह से पुलिस कप्तान संजीव सुमन द्वारा सक्रियता बढ़ाई गई है वह सफल होता दिखाई दे रहा है। पुलिस की अलग-अलग रणनीति ने पशु तस्करों को रूट बदलने पर मजबूर कर दिया है। तस्करों के जमानतदारों और विवेचकों को भी निशाना बनाना शुरू कर दिया है।
पुलिस कप्तान ने अब बाॅर्डर, हाईवे, सुनसान रास्ते पर निगरानी रखने के लिए पुलिस को अलर्ट कर दिया है। कप्तान के निर्देश पर अपर पुलिस अधीक्षक सुनील कुमार सिंह ने मय फोर्स के साथ भागलपुर चौकी पर लगे बैरियर की जांच की। पहले पकड़े गए तस्करों के नाम पते का ब्योरा लिया।
बलिया, जौनपुर, मऊ, आजमगढ़ के गो तस्कर भागलपुर पुल से पारकर मेहरौना घाट होते हुए बिहार निकल जाते हैं। बिहार जाने के लिए यह कम दूरी पड़ता है। अपर पुलिस अधीक्षक सुनील कुमार सिंह ने बताया कि तस्करों और अपराध पर लगाम लगाने के लिए पुलिस जिले से सटे बाॅर्डर इलाके का सक्रिय होकर निरीक्षण कर रही है। संवाद