तरकुलवा। नगर पंचायत में पुरातत्व विभाग की जमीन से लगभग सौ मीटर की दूरी पर नगर पंचायत द्वारा अंबेडकर पार्क का निर्माण कराया जा रहा है, जिसको पुरातत्व विभाग ने रोक दिया है। जबकि केवल 20 मीटर की दूरी पर ब्लॉक के सभागार का निर्माण कार्य हो रहा है। इस दोहरे मापदंड को लेकर नगर पंचायत के अध्यक्ष जनार्दन कुशवाहा ने आपत्ति जताई है। उन्होंने भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण सारनाथ मंडल वाराणसी के अधीक्षण पुरातत्वविद् को पत्र भेजकर पूछा है कि जब बीस मीटर पर ब्लॉक सभागार का निर्माण हो सकता है तो अंबेडकर पार्क के निर्माण में आपत्ति क्यों? उन्होंने अपने पत्र की प्रतिलिपि को महानिदेशक पुरातत्व सर्वेक्षण नई दिल्ली और सहायक भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग कुशीनगर को भी प्रेषित किया है। नगर पंचायत अध्यक्ष ने अपने पत्र में कहा है कि नगर पंचायत क्षेत्र की सीमा में ब्लॉक मुख्यालय के उत्तर और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के पूरब ओर बौद्ध स्तूप स्थित है, जिसपर पुरातत्व विभाग द्वारा सन 1950 का एक बोर्ड लगाया गया है। कहा है कि नगर पंचायत द्वारा बौद्ध स्तूप के जमीन से करीब 100 मीटर की दूरी पर नगर पंचायत द्वारा एक डॉ. भीमराव अंबेडकर पार्क का निर्माण कराया जा रहा था, जिसपर पुरातत्व विभाग ने आपत्ति कर काम को बंद करा दिया।
नगर पंचायत द्वारा बार-बार प्रयास के बावजूद पुरातत्व विभाग ने अनापत्ति प्रमाण पत्र नहीं दिया। जबकि वर्तमान में बौद्ध स्तूप की भूमि से महज बीस मीटर की दूरी पर ब्लॉक के सभागार का निर्माण कार्य चल रहा है। उन्होंने जानना चाहा है कि पुरातत्व विभाग की जमीन से केवल 20 मीटर की दूरी पर हो रहे निर्माण से विभाग को कोई आपत्ति नहीं है, तो सौ मीटर दूरी पर होने अंबेडकर पार्क के निर्माण से आपत्ति क्यों है।