देवरिया। जिला कारागार में बंद पूर्व आईजी अमिताभ ठाकुर को जान से मारने की धमकी मिली है। अमिताभ ठाकुर इंडस्ट्रियल एरिया पुरवां में पत्नी नूतन ठाकुर के नाम में हेरफेर कर जमीन आवंटन मामले में जेल में बंद हैं।
पूर्व आईजी अमिताभ ठाकुर 11 दिसंबर से देवरिया जिला कारागार में बंद हैं। उन पर लखनऊ निवासी संजय शर्मा ने सदर कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज कराई है। इस प्रकरण में उनके अधिवक्ता लगातार जमानत लेने का प्रयास कर रहे हैं। इसी के तहत जिला जज के कोर्ट में 17 जनवरी को सुनवाई होनी है। इस मामले में अमिताभ ठाकुर से जेल में मिलकर आए अधिवक्ता प्रवीण द्विवेदी का कहना है कि अमिताभ ठाकुर ने उन्हें एक कागज दिखाया। इसमें जान से मारने की धमकी के साथ अपशब्द लिखा हुआ था। यह पत्र कंप्यूटर से टाइप किया गया था। इस कागज को बैरक के पास पत्थर से दबाकर रखा गया था। अधिवक्ता का कहना है कि इससे अमिताभ ठाकुर भयभीत हो गए हैं। उन्हें अभी जान का खतरा है।
पत्नी नूतन ठाकुर के नाम में हेरफेर कर जमीन आवंटन का है आरोप
अमिताभ ठाकुर साल 1999 से 2002 तक जिले में बतौर एसपी तैनात रहे। उस दौरान शहर के पुरवां इंडस्ट्रियल एरिया में पत्नी नूतन ठाकुर के नाम से जमीन आवंटित कराया था। इसमें पत्नी का नाम नूतन देवी दर्ज कराया गया था। पति के नाम में भी अंतर था। बाद में दोनों ही नाम को दुरुस्त करा लिया गया। कुछ समय बाद यह प्लाट उन्होंने उद्योग विभाग को सरेंडर कर दिया। इस प्रकरण में लखनऊ में पहले भी एक एफआईआर दर्ज हुई थी। इसकी सुनवाई वहां राजस्व कोर्ट में चल रही है। इसके बाद लखनऊ निवासी संजय शर्मा ने देवरिया कोतवाली में दिसंबर में एक प्राथमिकी दर्ज करा दी। इस मामले में पुलिस ने अमिताभ ठाकुर को गिरफ्तार कर 11 दिसंबर को कोर्ट में पेश किया। तब से अमिताभ ठाकुर देवरिया जेल में बंद हैं।