तरकुलवा। सोनहुला-रामनगर-आनंदनगर मार्ग के चौड़ीकरण में मुआवजा निर्धारण को लेकर किसानों ने भेदभाव का आरोप लगाया है।
उनका कहना है कि अधिक जमीन अधिग्रहित होने के बावजूद कुछ किसानों को कम मुआवजा मिल रहा है, जबकि कम जमीन प्रभावित होने वालों को अधिक धनराशि दी जा रही है। प्रभावित किसानों ने डीएम को पत्र देकर निष्पक्ष जांच और दोबारा सर्वे कराने की मांग की है।
लोक निर्माण विभाग की ओर से 8.71 किमी लंबे इस मार्ग का चौड़ीकरण कराया जा रहा है। सड़क की चौड़ाई 3.75 मीटर से बढ़ाकर सात मीटर की जा रही है। इसके लिए शासन ने 34 करोड़ 96 लाख रुपये स्वीकृत किए हैं।
किसानों ने पूर्व में हुए सर्वे को त्रुटिपूर्ण बताते हुए राजस्व अधिकारियों पर कुछ लोगों से मिलीभगत कर अनियमितता करने का आरोप लगाया है।
किसानों ने मांग की है कि पुराने सर्वे को निरस्त कर सक्षम अधिकारी की निगरानी में दोबारा सर्वे कराया जाए और नियमानुसार मुआवजा निर्धारित हो।
शिकायत करने वालों में श्रीप्रकाश दुबे, हरिकेश दुबे, रामजीत सिंह, देवेंद्र यादव और राम आधार सिंह सहित अन्य किसान शामिल हैं।
पूर्व मंत्री व सपा नेता ब्रह्मा शंकर त्रिपाठी ने भी निष्पक्ष मुआवजा निर्धारण की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि भेदभाव होने पर किसान सड़क पर उतरकर आंदोलन करेंगे।
उन्होंने कहा कि किसानों के साथ भाजपा सरकार अन्याय कर रही है।