एडीएम ने लार बाजार में सीमांकन के दिए निर्देश, व्यवसायियों में हड़कंप
लार। डीएम कोर्ट से लार बाजार में सड़क से अतिक्रमण हटाने का फैसला आने के बाद बृहस्पतिवार को पहुंचे एडीएम प्रशासन व एसडीएम ने नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी को सड़क के दोनों तरफ सीमांकन कराकर नोटिस भेजने को कहा। इसकी जानकारी होते ही व्यवसायियों में हड़कंप मच गया। उधर पुलिस ने अतिक्रमणकारियों के नाम नोट किए। इसे लेकर माहौल गर्म है।
लार बाजार की मुख्य सड़क नगर पंचायत के नक्शे में 70 कड़ी है। मौके पर सड़क महज 20 कड़ी में सिमट गई है। सड़क के दोनों तरफ लोग दुकान, मकान बना अतिक्रमण कर लिए हैं। इससे आए दिन जाम लगता है। कुछ वर्ष पूर्व जाम ने एक नवजात की जान ले ली थी। राहगीर घंटों जाम में फंसे रहते हैं। स्कूल-कॉलेज आने-जाने वाले छात्र अक्सर जाम में फंस कर लेट हो जाते हैं। 2019 में नगर को जाम से मुक्त कराने को लेकर नगर पंचायत की तरफ से छह बार अतिक्रमणकारियों को नोटिस भेज सड़क से अतिक्रमण हटाने का निर्देश दिया गया था। इस बात से नाराज मकबूल आलम सहित अन्य 16 व्यवसायियों ने हाईकोर्ट की शरण ली। हाईकोर्ट ने मामले को डीएम कोर्ट भेज दिया। यहां एक साल तक तारीख पर तारीख मिलने के बाद गत 24 दिसंबर को डीएम कोर्ट ने ईओ नगर पंचायत के आधार को बरकरार रखते हुए सड़क से अतिक्रमण हटाने का फैसला सुनाया। फैसला आते ही नगर का माहौल गर्मा गया। नाराज व्यवसायियों ने 30 दिसंबर को नगर पंचायत गेट के समीप धरना-प्रदर्शन किया। अतिक्रमणकारियों ने गोरखपुर कमिश्नरी में डीएम कोर्ट के फैसले के खिलाफ अपील की। जिसकी सुनवाई की तिथि 19 फरवरी निर्धारित है। बृहस्पतिवार को डीएम के निर्देश पर पहुंचे एडीएम प्रशासन व एसडीएम ओमप्रकाश बरनवाल ने ईओ को निर्देश दिया कि पैमाइश कराकर सड़क के दोनों तरफ सीमांकन कर, नोटिस जारी करें। ईओ राजन नाथ तिवारी ने बताया कि सीमांकन कराकर जल्द अतिक्रमणकारियों को नोटिस जारी किया जाएगा।
कमिश्नरी में चल रहा मामला
पूर्व चेयरमैन प्रतिनिधि रविंद्र वर्मा ने कहा कि एडीएम प्रशासन हमारी बात को गंभीरता से नहीं सुने। डीएम कोर्ट के फैसले के खिलाफ व्यवसायियों ने अपील की है। जिसकी सुनवाई 19 फरवरी को है। कमिश्नर कोर्ट से जो भी फैसला आएगा, वह स्वीकार होगा।
जमीदारों की है भूमि
बौली वार्ड की सभासद रीमा बंटी सिंह ने कहा कि यह बिल्कुल तानाशाही रवैया है। यह जमीन हम जमीदारों की है। किसी को भी घर से बेदखल करना गलत है। इस मामले में डीएम को पुन: विचार करना चाहिए। अगर मकानें, दुकानें टूटती हैं तो उन्हें उचित मुआवजा मिलना चाहिए।
अतिक्रमण हटाने के लिए अभियान चलाया जाना है। लार नगर में अतिक्रमण किया गया है। इस मामले में डीएम कोर्ट से फैसला भी हो चुका है। अतिक्रमण हटाने के लिए मौका निरीक्षण किया। डीएम से वार्ता कर जल्द तिथि निश्चित कर दी जाएगी।
कुंवर पंकज
एडीएम प्रशासन
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