बंधक रखे गहने को छुड़ाने के दौरान सर्राफ पर तेजाब फेंकने का है आरोप
संवाद न्यूज एजेंसी
मईल। तेजाब से झुलसे चंदन की गोरखपुर में इलाज के दौरान हालत बिगड़ती देख चिकित्सकों ने रविवार की शाम दिल्ली के एक निजी हाॅस्पिटल के लिए रेफर कर दिया। आरोप है कि तीन दिन पहले बंधक रखे गहने को छुड़ाने के दौरान सर्राफ से चंदन के शरीर पर तेजाब फेंक दिया था। इससे आठ लोग झुलस गए थे। चंदन का इलाज उसी दिन से गोरखपुर मेडिकल कॉलेज में चल रहा था।
पनिका गांव निवासी चंदन राजभर तीन दिन पहले चौराहे के एक सर्राफ के यहां बंधक रखे गहने छुड़ाने के लिए गया था। इसी बीच सर्राफा और उसके बीच विवाद हो गया था। चंदन का आरोप है कि सर्राफ ने उसके शरीर पर दुकान में रखा तेजाब फेंक दिया था। चंदन की हालत गंभीर होने के चलते उसी दिन से उसका गोरखपुर मेडिकल काॅलेज में चल रहा था। रविवार की शाम अचानक उसकी हालत बिगड़ने लगी। इसके बाद चिकित्सकों ने आननफानन उसे दिल्ली के सफदरगंज स्थित बर्निंग हाॅस्पिटल रेफर कर दिया। उधर, शनिवार की शाम सांसद रमाशंकर राजभर ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर न्याय दिलाने की बात कही।
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इलाज में आड़े आ रही थी आर्थिक स्थिति
चंदन के इलाज में आड़े आ रही आर्थिक स्थिति पर लोगों ने चंदा जुटाकर उसके परिजनों को भेजा है। जानकारी के मुताबिक उसकी माली हालत ठीक नहीं है। इसे देखते हुए क्षेत्र के लोगों के साथ स्कूली बच्चों ने भी हुंकार भरी और रुपये एकत्र करने में जुट गए। जिंदगी और मौत से जूझ रहे चंदन को रविवार को करीब एक लाख रुपये का सहयोग कर प्रधान द्वारा एंबुलेंस कर अपने भाई दिलीप के साथ गोरखपुर से दिल्ली भेजवाया। प्रधान प्रतिनिधि दिलीप कुमार ने बताया कि चंदन के इलाज में जो भी रुपये लगेंगे, उसकी व्यवस्था कराई जाएगी।