फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Deoria News: चोरी से इन्कार करने के लिए पुलिस पर लगाया दबाव बनाने का आरोप

Thu, 24 Sep 2026 12:46 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
विज्ञापन
विज्ञापन
देवरिया। सलेमपुर नगर के वार्ड नंबर 11 लोहिया नगर में किराये के मकान में रह रहे एक परिवार ने घर में 12 लाख रुपये चोरी होने की शिकायत की है। पीड़ित परिवार का आरोप है कि सूचना देने के बाद पुलिस ने उन्हें कोतवाली बुलाया और चोरी की घटना से इन्कार करने का दबाव बनाया। पीड़ित का कहना है कि पुलिस ने दबाव बनाकर उसका वीडियो भी बना लिया, जिसमें उससे चोरी नहीं होने की बात कहलवाई गई। पीड़ित ने उच्चाधिकारियों से शिकायत करने की बात कही है। उसने आरोप लगाया है कि एक दरोगा ओर सिपही ने उसे फर्जी मुकदमे में फंसाने की धमकी दी है। हालांकि, पुलिस इससे इन्कार कर रही है।
विज्ञापन

लार थाना क्षेत्र की रहने वाली मन्नी देवी पत्नी सुनील वर्मा अपने दो बेटों प्रिंस वर्मा और विशाल वर्मा के साथ सलेमपुर कोतवाली क्षेत्र के लोहिया नगर में किराये के मकान में रहती हैं। परिवार के मुताबिक, 17 सितंबर को मन्नी देवी बेटे प्रिंस के साथ इलाज कराने वाराणसी स्थित बीएचयू अस्पताल गई थीं। पांच दिन तक इलाज कराने के बाद मंगलवार की शाम परिवार वापस सलेमपुर स्थित किराये के मकान पर पहुंचीं।
मकान पर पहुंचने पर मुख्य दरवाजे की कुंडी खुली मिली। इसके बाद परिवार को चोरी की आशंका हुई। कमरे में जाकर अलमारी और अन्य सामान की जांच की गई तो अलमारी में रखे करीब 12 लाख रुपये गायब मिले। इसके बाद प्रिंस वर्मा ने डायल 112 पर फोन कर पुलिस को चोरी की सूचना दी। प्रिंस के मुताबिक, 12 सितंबर को उन्होंने एक जमीन 22 लाख रुपये में बेची थी। इसमें 10 लाख रुपये बैंक खाते में जमा किए गए थे, जबकि शेष रकम नकद मिली थी। नकद रकम को अलमारी के तिजोरी में रखकर परिवार इलाज कराने वाराणसी चला गया था। पीड़ित का आरोप है कि सूचना के बाद पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे और बाद में उन्हें कोतवाली बुला लिया। वहां एक दरोगा और अन्य पुलिसकर्मियों ने चोरी की घटना को लेकर पूछताछ की। आरोप है कि पुलिस ने दबाव बनाकर चोरी नहीं होने की बात स्वीकार करने के लिए दबाव बनाया। ऐसा नहीं करने पर फर्जी मुकदमे में फंसाने की धमकी दी। पीड़ित के अनुसार, पुलिस की ओर से बनाया गया एक वीडियो बाद में जारी किया गया, जिसमें वह चोरी नहीं होने की बात कहता दिखाई दे रहा है। पीड़ित का कहना है कि वीडियो उसकी मर्जी से नहीं बनाया गया, बल्कि दबाव के बाद उससे पुलिस के बताए अनुसार बातें कहलवाई गईं। पीड़ित परिवार का कहना है कि उसके घर में चोरी हुई है और वह मामले की निष्पक्ष जांच चाहता है। परिवार ने कहा कि वह पूरे मामले की शिकायत उच्चाधिकारियों से करेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें